उत्तर प्रदेश में लघु और सीमांत किसानों को सस्ती ब्याज दर पर लंबी अवधि का ऋण उपलब्ध कराने के लिए योगी सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना के तहत किसानों को 6 लाख रुपये तक का ऋण 6 प्रतिशत वार्षिक ब्याज दर पर देने का निर्णय लिया गया।
वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने बताया कि यह ऋण उत्तर प्रदेश सहकारी ग्राम विकास बैंक लिमिटेड के माध्यम से उपलब्ध कराया जाएगा। इससे किसानों को कृषि और ग्रामीण जरूरतों के लिए कम ब्याज पर वित्तीय सहायता मिल सकेगी। दीर्घकालिक ऋण पर राज्य सरकार की ओर से किसानों को 5 प्रतिशत ब्याज अनुदान दिया जाएगा। इस अनुदान का आकलन हर वर्ष किसानों को दिए गए ऋण के बकाया मूलधन और आगामी वर्षों में वितरित किए जाने वाले ऋण के आधार पर किया जाएगा।
योजना शुरू होने के बाद पिछले वर्ष में दिए गए ऋणों के अवशेष मूलधन को भी अनुदान की गणना में शामिल किया जाएगा। सरकार ने स्पष्ट किया है कि 5 प्रतिशत ब्याज अनुदान का लाभ केवल उन्हीं किसानों को मिलेगा, जो अपनी ऋण की निर्धारित किस्तों का भुगतान तय तारीख पर करेंगे। इसका मतलब है कि किसानों को ब्याज अनुदान प्राप्त करने के लिए ऋण की किस्तें समय पर जमा करनी होंगी। योजना के तहत ऋण की शर्तों और भुगतान व्यवस्था के अनुसार ही अनुदान की सुविधा दी जाएगी।