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योगी सरकार ने स्कूलों पर किया फोकस, हीटवेव से बचाव के लिए दिशा-निर्देश लागू

Uttar Pradesh: उत्तर प्रदेश में बढ़ती गर्मी और हीटवेव के खतरे को देखते हुए योगी सरकार ने स्कूलों और बच्चों पर ध्यान केंद्रित कर दिया है। बेसिक और माध्यमिक शिक्षा विभाग के माध्यम से प्रदेश के सभी विद्यालयों में विशेष सुरक्षा इंतजाम लागू कर दिए गये हैं, जबकि मध्याह्न भोजन (एमडीएम) व्यवस्था को बच्चों के स्वास्थ्य और पोषण सुरक्षा से जोड़ते हुए जमीनी स्तर पर मजबूत किया गया है।

योगी सरकार ने इस भीषण गर्मी के दौरान स्कूलों को पढ़ाई के केंद्र के साथ-साथ बच्चों की सुरक्षा के प्राथमिक केंद्र बना दिये हैं। इसी के अंतर्गत विद्यालयों में हीटवेव से बचाव के उपाय, समयबद्ध गतिविधियां और स्वास्थ्य सुरक्षा से जुड़े दिशा-निर्देश लागू किए गये हैं।

एमडीएम बना बच्चों की सुरक्षा का मजबूत आधार
मध्याह्न भोजन को इस पूरी रणनीति में अहम भूमिका दी गई है। बच्चों को गर्मी के प्रभाव से बचाने के लिए पोषण और स्वास्थ्य को जोड़ते हुए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रहीं हैं। गर्मी के दौरान सरकार का फोकस इसे केवल भोजन योजना तक सीमित न रखकर स्वास्थ्य सुरक्षा के प्रभावी माध्यम के रूप में उपयोग करने पर है।

दवाओं के वितरण से जमीनी तैयारी मजबूत
स्वास्थ्य विभाग को ओआरएस, ग्लूकोज, इलेक्ट्रोलाइट्स, आयरन की गोलियों और प्राथमिक उपचार किट की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। कक्षा 1 से 5 तक के विद्यार्थियों के लिए आयरन की पिंक गोलियां वितरित करने के निर्देश दिए गए हैं, जबकि कक्षा 6 से 8 तक के विद्यार्थियों के लिए आयरन की नीली गोलियों की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के निर्देश हैं। स्कूलों और स्वास्थ्य केंद्रों तक इनकी आपूर्ति को प्राथमिकता दी जा रही है। दवाओं की निर्धारित समयानुसार खुराक सुनिश्चित कराने के लिए शिक्षकों को भी सहयोग करने के निर्देश हैं।

डेटा आधारित रणनीति, पहले से अलर्ट
इस वर्ष प्रदेश के अधिकांश जनपदों में 44 डिग्री सेल्सियस से अधिक पहुंचे तापमान और बढ़ती हीटवेव अवधि को देखते हुए सरकार ने पहले से ही व्यापक तैयारी लागू की है। आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा जारी दिशा निर्देशों के क्रम में शिक्षकों को पिछले कई वर्षों के तापमान के उतार-चढ़ाव की विश्लेषणात्मक सारणी के माध्यम से इसकी गंभीरता से भी अवगत कराया गया है। इसके साथ ही प्रदेश के सभी जनपदों में नियमित समीक्षा और मॉनिटरिंग के निर्देश दिए गए हैं, ताकि किसी भी स्तर पर लापरवाही न हो और समय पर राहत सुनिश्चित की जा सके।

हीटवेव से बचाव के उपाय
– दोपहर 12 से 3 बजे के बीच धूप में बाहर निकलने से बचें
– पर्याप्त मात्रा में पानी, ओआरएस या तरल पदार्थ लेते रहें
– हल्के, ढीले और सूती कपड़े पहनें
– सिर को टोपी/गमछे से ढककर रखें
– धूप में खेलकूद या ज्यादा शारीरिक गतिविधि से बचें
– चक्कर, कमजोरी या उल्टी जैसे लक्षण दिखें तो तुरंत आराम करें और चिकित्सा लें
– स्कूलों में बच्चों को छायादार स्थान और पीने के पानी की व्यवस्था सुनिश्चित करें।