Breaking News

ईरान से बन गई बात, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से भारत आएंगे दो टैंकर     |   लेबनान पर इजरायली हमलों में मरने वालों की संख्या बढ़कर 773 हुई     |   ईरान तनाव के बीच अमेरिका का बड़ा कदम, 2500 मरीन सैनिक मिडिल ईस्ट भेजे जाएंगे     |   अफगान-तालिबान फोर्सेज ने देर शाम भी पाकिस्तान पर हमला किया, आर्मी के ठिकानों को बनाया निशाना     |   जंग की वजह से हवाई सफर भी महंगा, IndiGo ने 2300 रुपये तक बढ़ा दिया सरचार्ज     |  

ओमान में ड्रोन हमले में दो भारतीयों की मौत, 15 भारतीय नाविकों को सुरक्षित निकाला गया

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच ओमान के सोहार शहर में ड्रोन हमले की घटना में दो भारतीय नागरिकों की मौत हो गई। विदेश मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव (गल्प) असीम महाजन ने शुक्रवार को इसकी जानकारी दी। पश्चिम एशिया की स्थिति पर हुई अंतर-मंत्रालयी ब्रीफिंग के दौरान महाजन ने बताया कि इस घटना में कुल 11 लोग घायल हुए, जिनमें 10 भारतीय शामिल हैं। इनमें से 5 लोगों को इलाज के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है, जबकि बाकी का इलाज स्थानीय अस्पतालों में चल रहा है। उन्होंने कहा कि किसी की हालत गंभीर नहीं है।

महाजन ने कहा कि भारत का दूतावास स्थानीय अधिकारियों और संबंधित कंपनी के संपर्क में है और घायलों को हर संभव मदद दी जा रही है। ओमान के सोहार प्रांत के अल-अवही औद्योगिक क्षेत्र में एक ड्रोन गिरने के बाद मलबा गिरा, जिससे दो विदेशी मजदूरों की मौत हो गई और कई लोग घायल हो गए। उसी घटना के दौरान एक अन्य ड्रोन को भी मार गिराया गया।

महाजन ने ‘सेफसी विष्णु’ जहाज से जुड़े मामले की भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 9 मार्च को इराक के बसरा के पास इस जहाज पर हमला हुआ था। जहाज के 15 चालक दल के सदस्यों को सुरक्षित निकाल लिया गया है और फिलहाल उन्हें बसरा के एक होटल में ठहराया गया है। उन्होंने कहा कि एक भारतीय नागरिक के पार्थिव शरीर को भारत लाने और 15 नाविकों को सुरक्षित स्वदेश भेजने के प्रयास जारी हैं। भारतीय दूतावास की टीम बसरा में मौजूद है और सभी जरूरी मदद दे रही है।

दरअसल, 28 फरवरी को अमेरिका और इजराइल के संयुक्त सैन्य हमले में ईरान के पूर्व सर्वोच्च नेता आयतुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद पश्चिम एशिया में तनाव काफी बढ़ गया है। इसके जवाब में ईरान ने खाड़ी क्षेत्र के कई देशों में अमेरिकी और इजराइली ठिकानों को निशाना बनाया, जिससे समुद्री रास्तों और वैश्विक ऊर्जा बाजार पर असर पड़ा है।

इस बीच संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने पश्चिम एशिया में बढ़ते संकट पर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि यह स्थिति वैश्विक शांति और सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा बन सकती है। गुटेरेस ने सभी पक्षों से हिंसा रोकने और बातचीत के जरिए समाधान निकालने की अपील करते हुए कहा कि तनाव कम करना और संवाद ही इस संकट से निकलने का एकमात्र रास्ता है।