देहरादून, 15 अप्रैल (भाषा) आने वाले दिनों में मौसम में तपिश बढ़ने की संभावना के मददेनजर उत्तराखंड के मुख्य सचिव आनंद बर्धन ने बुधवार को सभी विद्यालयों में 'वॉटर बेल' बजाने के निर्देश दिए ताकि विद्यार्थी गर्मियों के मौसम में नियमित अंतराल पर पानी पी सकें और निर्जलीकरण से बचाव सुनिश्चित हो।
गर्मियों में लू से निपटने की तैयारियों के संबंध में यहां वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक बैठक में मुख्य सचिव ने स्कूलों में विद्यार्थियों के स्वास्थ्य को सर्वोच्च प्राथमिकता पर रखने को कहा और इसके लिए उन्होंने विद्यालयों के समय में आवश्यकतानुसार परिवर्तन करने, कक्षाओं में पर्याप्त वायु संचार रखने तथा ओआरएस एवं अन्य आवश्यक दवाओं का भंडारण के निर्देश दिए ।
इसके अलावा, बर्धन ने विद्यार्थियों को गर्मी और लू से बचाव संबंधी व्यवहारिक जानकारी देने को भी कहा ।
मुख्य सचिव ने सभी जिलाधिकारियों को गर्मियों के मौसम में पानी की किल्लत वाले क्षेत्रों में सभी प्रकार के निर्माण कार्यों पर अस्थायी रोक लगाने तथा बस स्टेशनों और बाजार में शुद्ध पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा ।
उन्होंने यह भी कहा कि गर्मी की चुनौती से निपटने के लिए राज्य से लेकर ग्राम स्तर तक सभी विभाग समन्वित एवं सक्रिय रूप से कार्य करें।
उन्होंने प्रत्येक जिले में लू कार्ययोजना बनाते हुए संवेदनशील क्षेत्रों या ‘हॉटस्पॉट’ की पहचान करते हुए वहां विशेष निगरानी एवं राहत व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए ।
बर्धन ने अस्पतालों में भी लू से निपटने के लिए तैयारी रखे जाने को कहा ।
उत्तर भारत के अन्य स्थानों की तरह उत्तराखंड में भी पिछले कुछ दिनों में तापमान बढ़ रहा है। राजधानी देहरादून में मंगलवार को दिन का अधिकतम तापमान 33.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था जो बुधवार को 35.4 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया । बुधवार का तापमान सामान्य से तीन डिग्री ज्यादा रहा है।
देहरादून मौसम केंद्र ने अगले चार-पांच दिनों में उत्तराखंड में दिन के अधिकतम तापमान में एक-तीन डिग्री सेल्सियस की बढोत्तरी होने की संभावना व्यक्त की है ।
भाषा दीप्ति राजकुमार
राजकुमार