अयोध्या के मंडल कारागार से फरार हुए दो विचाराधीन बंदियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस प्रशासन ने बड़ा कदम उठाते हुए दोनों पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है। फरार कैदियों की तलाश में पुलिस और जेल प्रशासन द्वारा सघन तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। यह सनसनीखेज घटना 28-29 जनवरी 2026 की रात की है। दोनों बंदियों ने विशेष सुरक्षा बैरक (तन्हाई बैरक) की दीवार की ईंटें उखाड़ दीं और कंबल व मफलर को जोड़कर रस्सी बनाई। इसी रस्सी की मदद से उन्होंने करीब 20 फीट ऊंची जेल की दीवार फांदकर फरार होने में सफलता हासिल कर ली।
फरार बंदियों की पहचान गोलू अग्रहरी उर्फ सूरज अग्रहरी और शेर अली के रूप में हुई है। गोलू अग्रहरी उर्फ सूरज अग्रहरी अमेठी जिले के मुसाफिरखाना का रहने वाला है और वह हत्या के प्रयास, पॉक्सो (POCSO) एक्ट और एससी/एसटी एक्ट जैसे गंभीर मामलों में जेल में बंद था। वहीं शेर अली सुल्तानपुर का निवासी है और उस पर हत्या के प्रयास, गैंगस्टर एक्ट समेत कुल 11 आपराधिक मामले दर्ज बताए जा रहे हैं।
जेल सुरक्षा में इतनी बड़ी चूक सामने आने के बाद डीजी जेल पीसी मीणा के निर्देश पर कड़ी कार्रवाई की गई है। इस मामले में वरिष्ठ जेल अधीक्षक उदय प्रताप मिश्रा, जेलर जे.के. यादव और डिप्टी जेलर मयंक त्रिपाठी सहित कुल 12 अधिकारियों और कर्मचारियों को निलंबित कर दिया गया है।
फिलहाल फरार बंदियों को पकड़ने के लिए अयोध्या, अमेठी और सुल्तानपुर समेत आसपास के जिलों में पुलिस और एसटीएफ (STF) की कई टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। पुलिस का कहना है कि दोनों आरोपियों की तलाश तेज कर दी गई है और उन्हें जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।