राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने अवैध विस्फोटक पदार्थों की जब्ती से जुड़े एक मामले में केरल, तमिलनाडु और कर्नाटक में बड़े पैमाने पर छापेमारी की है। एजेंसी ने तीनों राज्यों में कुल 19 स्थानों पर एक साथ तलाशी अभियान चलाकर कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और डिजिटल साक्ष्य जुटाए हैं। एनआईए के अनुसार यह कार्रवाई उन लोगों और संस्थानों के खिलाफ की गई, जिनका संबंध विस्फोटक पदार्थों के निर्माण, भंडारण और वितरण से जुड़ा हुआ है। जांच के दौरान विस्फोटक डीलरों और निर्माताओं के विभिन्न ठिकानों की गहन तलाशी ली गई।
यह मामला फरवरी 2026 में केरल के मलप्पुरम जिले में दर्ज किया गया था। जांच के दौरान अवैध रूप से रखे गए और संभावित रूप से गैरकानूनी गतिविधियों में इस्तेमाल किए जाने वाले विस्फोटकों को लेकर कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आई थीं। इसके बाद एनआईए ने मामले की जांच अपने हाथ में ली थी।
अधिकारियों के मुताबिक, छापेमारी के दौरान कई अहम दस्तावेज, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और डिजिटल साक्ष्य बरामद किए गए हैं। इनकी जांच के जरिए यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि विस्फोटक पदार्थों का इस्तेमाल किस उद्देश्य से किया जाना था और इसके पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं। एनआईए फिलहाल बरामद सामग्री का विश्लेषण कर रही है और मामले से जुड़े अन्य संदिग्धों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। एजेंसी का कहना है कि अवैध विस्फोटकों के नेटवर्क और उनके संभावित इस्तेमाल से जुड़े सभी पहलुओं की गहराई से पड़ताल की जाएगी।