गुवाहाटी, तीन नवंबर (भाषा) गुवाहाटी स्थित असम इंजीनियरिंग कॉलेज (एईसी) के 50 से अधिक विद्यार्थी उस छात्रावास की टंकी का पानी पीने से बीमार पड़ गए, जिसमें कथित तौर पर एक मरा हुआ बंदर मिला था।
यह घटना गुवाहाटी के जालुकबारी स्थित कॉलेज के छात्रावास नंबर सात की है, जहां दुर्गा पूजा की छुट्टियों से लौटने के बाद से ही छात्र पानी से बदबू आने की शिकायत कर रहे थे।
सरकारी आयुर्वेदिक कॉलेज एवं अस्पताल के प्राचार्य प्रणवज्योति वैश्य ने बताया कि पेट दर्द, उल्टी और बुखार की शिकायतों के साथ 52 छात्रों को अस्पताल लाया गया था।
उन्होंने कहा, 'आपातकालीन विभाग में उनकी जांच और इलाज किया गया। तीन छात्रों को बेहतर इलाज के लिए अन्य अस्पताल भेजा गया था। हालांकि, किसी को भी अस्पताल में भर्ती करने की आवश्यकता नहीं पड़ी और सभी 52 छात्रों की हालत स्थिर है तथा उन्हें छुट्टी दे दी गई है।'
छात्रों के अनुसार, यह समस्या रविवार को तब सामने आई जब पानी की गुणवत्ता को लेकर लगातार आ रही शिकायतों के बाद उन्होंने छत पर रखी टंकियों का निरीक्षण किया।
एक छात्र ने बताया कि पीने के पानी से दुर्गंध आने के बाद छात्रावास के केयरटेकर से शिकायत की गई थी, लेकिन समस्या दूर नहीं हुई।
एईसी की प्राचार्या अमृता गांगुली ने कहा कि पेट से जुड़ी बीमारियों की शिकायतें मिलने के बाद प्रशासन ने पानी की टंकियों की सफाई कराई और विद्यार्थियों की मेस को दूसरे छात्रावास में स्थानांतरित कर दिया।
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सुमित वैभव
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