मुंबई, तीन नवंबर (भाषा) भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने मंगलवार को तीन प्रमुख सर्वेक्षणों की घोषणा की। इनका उद्देश्य परिवारों की महंगाई संबंधी आकलन का पता लगाना और देश में उपभोक्ता विश्वास का आकलन करना है। इन सर्वेक्षणों से हर दो महीने में होने वाली मौद्रिक नीति समीक्षा के लिए उपयोगी जानकारी मिलती है।
केंद्रीय बैंक ने नवंबर 2026 के लिए परिवारों का महंगाई संबंधी आकलन का सर्वेक्षण (आईईएसएच) शुरू करने की घोषणा की है।
आरबीआई ने कहा, ‘‘सर्वेक्षण का नवंबर 2026 का दौर शुरू किया जा रहा है। इसका उद्देश्य परिवारों की अपनी खपत की वस्तुओं और सेवाओं के आधार पर कीमतों में बदलाव और महंगाई के बारे में उनकी व्यक्तिगत राय जानना है।’’
यह सर्वेक्षण 19 शहरों... अहमदाबाद, बेंगलुरु, भोपाल, भुवनेश्वर, चंडीगढ़, चेन्नई, दिल्ली, गुवाहाटी, हैदराबाद, जयपुर, जम्मू, कोलकाता, लखनऊ, मुंबई, नागपुर, पटना, रायपुर, रांची और तिरुवनंतपुरम में किया जाएगा।
आरबीआई ने एक अन्य बयान में कहा कि शहरी उपभोक्ता विश्वास सर्वेक्षण के तहत परिवारों से सामान्य आर्थिक स्थिति, रोजगार के हालात, कीमतों के स्तर, घरेलू आय और खर्च को लेकर उनकी राय जानी जाती है।
यह सर्वेक्षण भी 19 शहरों में किया जाता है।
आरबीआई ने कहा कि ग्रामीण उपभोक्ता विश्वास सर्वेक्षण के तहत 31 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के ग्रामीण एवं छोटे शहरी क्षेत्रों में रहने वाले परिवारों से सामान्य आर्थिक स्थिति, रोजगार, कुल मिलाकर कीमतों की स्थिति, आय और खर्च के बारे में मौजूदा धारणा तथा अगले एक साल की उम्मीदों की जानकारी जुटाई जाती है।
ये तीनों सर्वेक्षण नियमित रूप से किए जाते हैं।
इन सर्वेक्षणों के नतीजे मौद्रिक नीति तैयार करने में उपयोगी जानकारी देते हैं।
मौद्रिक नीति समिति की अगली बैठक बैठक दो से चार दिसंबर, 2026 को होगी।
भाषा राजेश राजेश रमण
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