नयी दिल्ली, आठ सितंबर (भाषा) बेंगलुरु में भारत-जापान संयुक्त कार्य समूह की सातवीं बैठक में वन क्षेत्र में सहयोग को लेकर तीन मुख्य विषयों पर चर्चा हुई।
पहला विषय था- वनों के बाहर वृक्ष। इस कार्यक्रम के अंतर्गत, दोनों पक्षों ने वनों के बाहर वृक्ष संसाधनों के आकलन, प्रबंधन और आनुवंशिक सुधार पर अपने अनुभव साझा किए।
दूसरा विषय था- आनुवंशिक संसाधन। इसके तहत संरक्षण, पादप प्रजनन, उन्नत रोपण सामग्री और जीव द्रव्य (जीवित आनुवंशिक सामग्री) संरक्षण पर विशेष ध्यान देते हुए वन आनुवंशिकी पर चर्चा की गई।
वहीं, तीसरे विषय वन भंडार के अंतर्गत, दोनों पक्षों ने वन सूची, वन भंडार आकलन और भू-स्थानिक एवं निगरानी प्रौद्योगिकियों पर अपने विचार साझा किए।
कार्यक्रम में भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय के अतिरिक्त महानिदेशक (वन) रमेश कुमार पांडे ने किया। जापानी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व जापान के कृषि, वानिकी और मत्स्य पालन मंत्रालय की वानिकी एजेंसी के उप महानिदेशक शिमिजु कोतारो ने किया।
दोनों पक्षों ने वन, जैव-विविधता संरक्षण, अनुसंधान और क्षमता निर्माण के क्षेत्रों में सहयोग और संबंधों को और मज़बूत करने की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया।
भाषा सुभाष अविनाश
अविनाश