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मप्र में जहरीली शराब से मौत की संख्या बढ़कर 13 हुई, सात की हालत गंभीर

सागर (मध्यप्रदेश), सात सितंबर (भाषा) मध्यप्रदेश के सागर जिले में हुई जहरीली शराब त्रासदी में सोमवार दोपहर एक और व्यक्ति की मौत के बाद मृतकों की संख्या बढ़कर 13 हो गई जबकि चार अस्पतालों में करीब 96 लोगों का इलाज जारी है, जिनमें से सात की हालत गंभीर है। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी।

सागर की जिलाधिकारी प्रतिभा पाल ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि मरने वालों में 30 से 50 साल की उम्र के पुरुष शामिल हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘मृतकों का पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट जहरीली शराब के सेवन की ओर इशारा करता है। हमने अधिक जानकारी के लिए मृतकों के विसरा को परीक्षण के लिए भेजा है।’’

मरने वालों की संख्या 22 से 24 होने की खबरों के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि प्रशासन नियमों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का पालन कर रहा है।

पीड़ितों का इलाज कर रहे एक वरिष्ठ डॉक्टर ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि चार अस्पतालों में 96 लोगों का इलाज हो रहा है, जिनमें से सात की हालत गंभीर है।

उन्होंने बताया कि सात से आठ लोगों को बंडा सिविल अस्पताल में, करीब 70 लोगों को बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (बीएमसीएच) और 17 लोगों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया जबकि एक व्यक्ति को हवाई मार्ग से भोपाल ले जाया गया।

अधिकारी ने बताया कि इससे पहले दिन में दो दर्जन लोगों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।

मौत के संदिग्ध कारण के बारे में पूछे जाने पर डॉक्टर ने कहा कि हो सकता है कि शराब में एथेनॉल के बजाय मेथनॉल मिला हो।

उन्होंने कहा, ‘‘मेथनॉल धुंधली दृष्टि का कारण बनता है। हमारे पास आने वाले अधिकांश लोगों ने धुंधली दृष्टि की शिकायत की। कुछ अन्य लोग हांफते हुए सांस लेते हुए आए।’’

इस बीच, जिलाधिकारी पाल ने कहा कि पुलिस ने त्रासदी के संबंध में दर्ज तीन प्राथमिकियों में आरोपी के रूप में नामित 30 लोगों में से 14 को गिरफ्तार कर लिया है।

सागर जिला मुख्यालय से करीब 30 किलोमीटर दूर बंडा तहसील के दो गांवों में रविवार को कथित तौर पर जहरीली शराब के सेवन से 11 लोगों की मौत हो गई थी। बीमार पड़ने वालों में से कई ने धुंधली दृष्टि और चक्कर आने की शिकायत की।

पाल ने कहा कि पुलिस और आबकारी विभाग ने जानकारी इकट्ठा करने के बाद शराब की तस्करी करने वालों के खिलाफ कार्रवाई शुरू की।

उन्होंने कहा कि राजस्व विभाग की टीमें, गांव के प्रतिनिधियों के साथ, यह जांचने के लिए घर-घर जा रही हैं कि क्या लोगों के पास शराब की बोतलें हैं।

सागर रेंज के पुलिस उप महानिरीक्षक शशीद्र चौहान ने बताया कि पुलिस पड़ोसी राज्य उत्तर प्रदेश के ललितपुर में कुछ लोगों और स्थानीय शराब ठेकेदार के बीच संबंध की भी जांच कर रही है।

पाल ने रविवार को कहा था कि प्रारंभिक जांच से संकेत मिला है कि शराब की आपूर्ति ललितपुर से की गई थी।

उन्होंने कहा, ‘‘ललितपुर में कुछ गिरोह हैं जो मध्यप्रदेश के आसपास के इलाकों में इस तरह की जहरीली शराब की आपूर्ति करता है। चूंकि यह इलाका उत्तर प्रदेश से सटा हुआ है, इसलिए प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है।’’

हालांकि, उत्तर प्रदेश के ललितपुर पुलिस ने एक बयान जारी कर आरोप लगाया है कि सागर पुलिस मीडिया में भ्रामक जानकारी दे रही है जो तथ्यों से परे हैं।

मध्यप्रदेश सरकार ने इस घटना के सिलसिले में तीन आबकारी अधिकारियों और दो पुलिसकर्मियों को निलंबित किया है जबकि एक आबकारी अधिकारी को लाइन हाजिर कर ग्वालियर अटैच किया है।

भाषा ब्रजेन्द्र सुरभि

सुरभि