मोरबी, सात सितंबर (भाषा) गुजरात के मोरबी में नकली आईएमएफएल (भारत निर्मित विदेशी शराब) बनाने वाली एक इकाई चलाने के आरोप में पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के एक अधिकारी ने सोमवार को यह जानकारी दी।
गुजरात मद्य निषेध वाला एक राज्य है।
अधिकारी ने बताया कि यह कार्रवाई मोरबी स्थानीय अपराध शाखा (एलसीबी) ने एक गुप्त सूचना के आधार पर की। उन्होंने बताया कि एलसीबी को महेश पटेल और अजयसिंह जडेजा नामक दो व्यक्तियों द्वारा मालिया-मियाणा तालुका के मोटा दहीसर स्थित कृष्णानगर इलाके में अपने कब्जे वाले एक मकान में कथित तौर पर नकली शराब बनाने की सूचना मिली थी।
पुलिस की एक विज्ञप्ति के अनुसार, एलसीबी की टीम ने नकली व्हिस्की की 276 सीलबंद बोतलें, करीब 175 लीटर खुली शराब, शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाले 400 लीटर रसायन, खाली बोतलें, बोतलों के ढक्कन, नकली बारकोड और क्यूआर कोड तथा अन्य सामग्री जब्त की। इसके अनुसार इनकी कुल कीमत 20.75 लाख रुपये आंकी गई है।
विज्ञप्ति में कहा गया, ‘‘आरोपी अलग-अलग अज्ञात रसायनों को कथित तौर पर मिलाकर शराब तैयार करते थे और उसे खाली बोतलों में भरते थे। इसके बाद वे बोतलों पर नकली ब्रांडिंग वाले स्टिकर, बारकोड, क्यूआर कोड और ढक्कन लगाकर नकली शराब को असली जैसा दिखाते थे।’’
इसके अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान महेश पटेल (42), करमराजसिंह झाला (26), रामदेवसिंह झाला (38), विक्की सिंधव (25) और विकमभाई धंधुकिया (25) के रूप में हुई है। वहीं, मोटा दहीसरा निवासी अजयसिंह जडेजा को अभी पकड़ा जाना बाकी है।
पुलिस ने कहा कि आरोपियों को पता था कि ब्रांडिंग सामग्री नकली है और बोतलों में मौजूद शराब भी नकली है, लेकिन वे फिर भी उसे असली शराब के रूप में बेचने के लिए कथित तौर पर तैयार करके उसका भंडारण करते थे।
उसके अनुसार, जब्त सामान में 30,500 रुपये कीमत के सात मोबाइल फोन भी शामिल हैं।
अधिकारी ने बताया कि छह आरोपियों के खिलाफ मालिया-मियाणा थाने में मद्य निषेध कानून के तहत एक मामला दर्ज किया गया है।
गुजरात मद्य निषेध अधिनियम के तहत राज्य में शराब के निर्माण, भंडारण, बिक्री और सेवन पर पूरी तरह प्रतिबंध है।
भाषा अमित दिलीप
दिलीप