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शिक्षकों को एआई का प्रशिक्षण देगा गूगल, बिहार सरकार ने समझौते को दी मंजूरी

पटना, पांच सितंबर (भाषा) बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शनिवार को कहा कि राज्य सरकार ने शिक्षकों की शिक्षण क्षमताओं को बेहतर बनाने के लिए उन्हें कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) के उपयोग में प्रशिक्षित करने के मकसद से गूगल के साथ एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) को अंतिम रूप दिया है।

मुख्यमंत्री पटना के श्री कृष्ण मेमोरियल हॉल में राष्ट्रीय शिक्षक दिवस समारोह के दौरान उपस्थित लोगों को संबोधित कर रहे थे।

उन्होंने कहा, “हम गूगल के साथ एक करार कर रहे हैं ताकि शिक्षकों को इस तरह से प्रशिक्षण दिया जा सके कि वे बेहतर ढंग से पढ़ा सकें। पढ़ाने की गुणवत्ता को बेहतर बनाने के लिए दूसरी संस्थाओं के साथ भी ऐसे ही समझौते किए गए हैं।”

उन्होंने कहा कि ‘बिहार विद्या साथी’ - जो चौबीसों घंटे चलने वाला संवादात्मक डिजिटल अध्ययन और एआई-आधारित प्रश्न समाधान मंच है - के जरिए राज्य में शिक्षण-सीखने के अनुभव का दायरा बढ़ा है।

उन्होंने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा, “माइक्रोसॉफ्ट, गूगल और सर्वम एआई के सहयोग से बिहार में एक आधुनिक कृत्रिम बुद्धिमत्ता तंत्र विकसित किया जाएगा। शिक्षकों को कृत्रिम बुद्धिमत्ता की नवीनतम तकनीकों पर प्रशिक्षण दिया जाएगा।”

उन्होंने बिहार में एक शिक्षक प्रशिक्षण विश्वविद्यालय और बीएचयू केंद्र स्थापित करने, मानदेय-आधारित शिक्षकों के लिए वेतनमान की अलग व्यवस्था बनाने और मदरसा व संस्कृत बोर्ड के शिक्षकों के बकाया वेतन का समय पर भुगतान सुनिश्चित करने का भी संकल्प लिया।

राष्ट्रीय शिक्षक दिवस कार्यक्रम के दौरान, चौधरी ने दावा किया कि 2004-05 से अब तक स्कूल छोड़ने वालों की दर में भारी कमी आई है -- प्राथमिक स्तर पर यह 46 प्रतिशत से घटकर दो प्रतिशत, उच्च प्राथमिक स्तर पर 73 प्रतिशत से घटकर 10 प्रतिशत से कम, और उच्चतर माध्यमिक स्तर पर 83 प्रतिशत से घटकर सात प्रतिशत से कम हो गई है।

उन्होंने कहा कि स्कूल न जाने वाले बच्चों की हिस्सेदारी लगभग 12 प्रतिशत से घटकर सिर्फ 1.7 प्रतिशत रह गई है।

भाषा प्रशांत माधव

माधव