Breaking News

परिसीमन को लेकर दक्षिण भारत में भ्रम फैलाने की कोशिश हो रही: मंत्री किरण रिजिजू     |   लखनऊ: दो बच्चों की जलकर मौत, देर रात 50 से ज्यादा झुग्गियों में लगी थी आग     |   DMK सांसद कनिमोझी ने परिसीमन विधेयक के खिलाफ नोटिस दिया     |   तमिलनाडु चुनाव: एक्टर विजय की पार्टी TVK आज अपना घोषणापत्र जारी करेगी     |   नेपाल में डीजल के दाम 30 रुपये बढ़े, अब 234 प्रति लीटर पर पहुंचा     |  

देश का निर्यात मार्च में 7.44 प्रतिशत घटकर 38.92 अरब डॉलर पर

नयी दिल्ली, 15 अप्रैल (भाषा) देश का वस्तु निर्यात मार्च में 7.44 प्रतिशत घटकर 38.92 अरब डॉलर रहा है। सरकार के बुधवार को जारी आंकड़ों से यह जानकारी मिली।

आयात भी आलोच्य महीने 6.51 प्रतिशत घटकर 59.59 अरब डॉलर रह गया, जबकि एक साल पहले इसी महीने में यह 63.75 अरब डॉलर था। मुख्य रूप से पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के कारण होर्मुज जलडमरूमध्य जैसे प्रमुख व्यापार मार्ग बाधित होने के कारण आयात और निर्यात में कमी आई है।

आलोच्य महीने के दौरान देश का व्यापार घाटा 20.67 अरब डॉलर रहा।

वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने संवाददाताओं से कहा कि चुनौतियों के बावजूद देश का निर्यात क्षेत्र अच्छा प्रदर्शन कर रहा है।

उन्होंने कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान देश का वस्तुओं और सेवाओं का निर्यात 4.22 प्रतिशत बढ़कर 860 अरब डॉलर रहा।

देश का वस्तु निर्यात मार्च में समाप्त वित्त वर्ष 2025-26 में एक प्रतिशत बढ़कर 441.78 अरब डॉलर रहा जो एक साल पहले 437.7 अरब डॉलर था। इस दौरान आयात भी 774.98 अरब डॉलर हो गया जो इससे पूर्व वित्त वर्ष 2024-25 में 721.2 अरब डॉलर था।

वाणिज्य सचिव ने कहा कि 2025-26 में सेवाओं का निर्यात 418.31 अरब डॉलर रहने का अनुमान है।

अग्रवाल ने कहा कि 28 फरवरी से शुरू हुए अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच युद्ध के कारण मार्च में पश्चिम एशिया क्षेत्र को भारत का निर्यात 57.95 प्रतिशत घट गया। पिछले महीने इस क्षेत्र से कुल आयात में भी 51.64 प्रतिशत की गिरावट आई।

वाणिज्य सचिव ने यह भी कहा कि भारत और ब्रिटेन के बीच मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) अगले महीने से लागू हो सकता है।

भाषा रमण अजय

अजय