उत्तराखंड में चार धाम यात्रा अपने चरम पर है यात्रा को सकुशल संपन्न कराने के लिए शासन प्रशासन के द्वारा कार्य किए जा रहे है। चार धाम यात्रा में उत्तराखंड सरकार द्वारा इस बार नशा मुक्त यात्रा करने को लेकर प्रचार प्रसार भी किया जा रहा है। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा 2025 तक उत्तराखंड को नशा मुक्त प्रदेश बनाने का आह्वान किया गया है। जिसके तहत चार धाम यात्रा में जगह-जगह होर्डिंग लगाकर नशे के विरुद्ध यात्रियों को सचेत किया जा रहा है।
उत्तराखंड कैबिनेट मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल का कहना है हमारी सरकार द्वारा निर्णय लिया गया है। हम उत्तराखंड को नशा मुक्त करने का कार्य करेंगे क्योंकि उत्तराखंड में 12 महीने यात्राएं चलती है। लाखों करोड़ों की संख्या में श्रद्धालु आते है। सरकार द्वारा श्रद्धालुओं से अपील की गई है उत्तराखंड आध्यात्मिक नगरी है यहां पर किसी भी प्रकार का नशा न किया जाए साथ श्रद्धालु उत्तराखंड में जगह-जगह गंदगी ना करें।
जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अनंतानंद सरस्वती महाराज ने कहा कि, संत समाज द्वारा भी श्रद्धालुओं से नशा न करने की अपील की गई है। संतों का कहना है कि श्रद्धालु अगर चारों धाम के दर्शन करने जा रहे हैं तो इससे बड़ा कोई नशा नहीं है। श्रद्धालु भगवान का नशा करें इससे अलग कोई भी नशा श्रद्धालु ना करें। उत्तराखंड देवभूमि है इसलिए यहां किसी भी प्रकार का नशा नहीं करना चाहिए संत समाज नशे का विरोध करता है।
रिपोर्ट- राजकुमार पाल