उत्तराखंड के नैनीताल जिले में रहने वाले चंदन सिंह नयाल ने अपना जीवन पर्यावरण की रक्षा के लिए समर्पित करने का फैसला किया है। नैनीताल में इकोलॉजी को संरक्षित करने के लिए वो अब तक करीब 60 हजार पौधे लगा चुके हैं।
इंजीनियरिंग में डिप्लोमा करने वाले 30 साल के चंदन सिंह नयाल ने अपना जीवन पर्यावरण की रक्षा के लिए समर्पित कर दिया है। सेल्फ हेल्प ग्रुप की मदद से चंदन अपने गांव में चार हेक्टेयर जमीन पर अलग-अलग तरह के पौधे लगाने का काम कर रहे हैं।
पिछले दस सालों में उन्होंने वन क्षेत्रों को पुनर्जीवित करने के लिए छह हजार जल निकायों को बनाने में मदद की है। चंदन हर साल अपनी नर्सरी में करीब 40 हजार पौधे उगाते हैं। वो अब तक 90 हजार पौधे लोगों को बांट चुके हैं।
चंदन सिंह नयाल के मुताबिक, पर्यावरण के प्रति बच्चों और नौजवानों में जागरूकता पैदा करने के लिए वो गांवों और स्कूलों का दौरा भी करते हैं। चंदर सिंह नयाल प्रधानमंत्री मोदी के 'मन की बात' कार्यक्रम का भी हिस्सा रह चुके हैं।
इसके अवाला उन्हें भारत सरकार के 'वाटर हीरो' पुरस्कार समेत कई और पुरस्कारों से नवाजा जा चुका है। उन्होंने निधन के बाद अपना शरीर हल्द्वानी मेडिकल कॉलेज को डोनेट करने का फैसला किया है।