Meerut: उत्तर प्रदेश सरकार में मेरठ प्रभारी मंत्री असीम अरुण ने गुरुवार को मेरठ पहुंचकर पत्रकार वार्ता में विकास, कानून व्यवस्था, सांप्रदायिक सौहार्द, महिलाओं की सुरक्षा, आउटसोर्सिंग कर्मचारियों के अधिकारों और मेरठ के भविष्य को लेकर अपना विजन सामने रखा। उन्होंने कहा कि मेरठ उनके लिए केवल एक जिला नहीं, बल्कि भावनात्मक जुड़ाव की भूमि है, जहां उनके परिवार को हमेशा सम्मान और स्नेह मिला है। प्रभारी मंत्री असीम अरुण ने कहा कि मेरठ से उनका और उनके परिवार का वर्षों पुराना संबंध रहा है। पुलिस सेवा के दौरान भी उनका जुड़ाव मेरठ से रहा और अब राजनीतिक जीवन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उन्हें मेरठ का प्रभारी मंत्री बनाकर नई जिम्मेदारी सौंपी है।
उन्होंने कहा कि उनका प्रयास रहेगा कि प्रशासनिक, राजनीतिक और सामाजिक व्यवस्थाओं के बीच बेहतर तालमेल स्थापित हो तथा जो विकास कार्य पहले से चल रहे हैं, उन्हें और अधिक मजबूती प्रदान की जाए। मीडिया से बात करते हुए असीम अरुण ने बताया कि उन्होंने दिल्ली के सराय काले खां से मेरठ तक रैपिड रेल (RRTS) से यात्रा की। उन्होंने कहा कि पहले भी गाजियाबाद के प्रभारी मंत्री रहने के दौरान उन्होंने रैपिड रेल परियोजना का निरीक्षण किया था, लेकिन यात्रा का अवसर नहीं मिला था।
जिसके बाद उन्होंने कहा कि मात्र 50 से 55 मिनट में आरामदायक यात्रा कर मेरठ पहुंचना इस बात का प्रमाण है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में विकसित भारत की तस्वीर जमीन पर दिखाई दे रही है। RRTS, गंगा एक्सप्रेसवे, ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे और नोएडा अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट जैसे बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट आने वाले वर्षों में मेरठ और पूरे एनसीआर की आर्थिक प्रगति को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएंगे।
आपको बता दें प्रभारी मंत्री ने कहा कि विकास केवल इमारतों और सड़कों तक सीमित नहीं होना चाहिए। तेजी से हो रही आर्थिक प्रगति के बीच पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक संतुलन बनाए रखना भी उतना ही आवश्यक है। क्रांतिकारी भूमि मेरठ विकसित भारत की यात्रा में अग्रणी भूमिका निभाएगा और जिस प्रकार अतीत में मेरठ ने प्रदेश को दिशा दिखाई, उसी प्रकार भविष्य में भी विकास का मार्ग प्रशस्त करेगा। सरकार की अधिकांश व्यवस्थाएं अब पारदर्शी और ऑटोमेटेड हो चुकी हैं। लेकिन अब केवल ई-गवर्नेंस पर्याप्त नहीं है, बल्कि आम नागरिकों के लिए शासन को और सरल बनाना होगा।लोगों को सरकारी सेवाएं आसानी से मिलें, इसके लिए सभी विभागों को मिलकर काम करना होगा।
वही कानून व्यवस्था पर बोलते हुए प्रभारी मंत्री ने कहा कि योगी सरकार ने प्रदेश में अपराध और माफियावाद पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया है। अब आवश्यकता इस बात की है कि अपराधियों को न्यायालयों से शीघ्र सजा दिलाई जाए। ऑपरेशन कन्विक्शन के माध्यम से अपराधियों को अधिकतम सजा दिलाने का अभियान जारी रहेगा ताकि अपराधी जेल के अंदर रहें और समाज सुरक्षित रहे।
उन्होंने कहा कि एक समय मेरठ में वसूली, अपहरण और गैंगवार आम बात हुआ करती थी, लेकिन योगी सरकार ने इन प्रवृत्तियों पर प्रभावी अंकुश लगाया है। यही कारण है कि आज मेरठ में निवेश और विकास तेजी से हो रहा है। त्योहार और चुनाव से पहले चेतावनी, माहौल बिगाड़ने वालों पर होगी कार्रवाई।
लव जिहाद और सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने के मामलों पर असीम अरुण ने कहा कि कुछ राष्ट्रविरोधी तत्व और विरोधी राजनीतिक दल चुनावों के समय समाज में तनाव पैदा करने का प्रयास करते हैं। उन्होंने कहा कि योगी सरकार ऐसे तत्वों के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई करती रही है और आगे भी करती रहेगी। त्योहारों और आगामी चुनावों के मद्देनजर किसी भी व्यक्ति को धर्म या किसी अन्य बहाने से कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी। हाल के दिनों में गाजियाबाद और आसपास हुई घटनाओं में भी सरकार ने कठोर कार्रवाई की है और आगे भी ऐसे प्रयासों को कुचल दिया जाएगा।
मध्य प्रदेश की आकांक्षा आत्महत्या मामले और उस पर विपक्षी दलों की टिप्पणी के संबंध में असीम अरुण ने कहा कि वह पूरे मामले का अध्ययन करने के बाद ही टिप्पणी करेंगे। हालांकि उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में महिलाओं की सुरक्षा पहले की तुलना में कहीं बेहतर हुई है। आज लखनऊ, मेरठ, वाराणसी और गोरखपुर जैसे शहरों में बेटियां रात के समय भी सुरक्षित महसूस करती हैं। उन्होंने दावा किया कि अपराध के आंकड़े और पुलिस कार्रवाई स्वयं इस बात का प्रमाण हैं कि प्रदेश में कानून व्यवस्था मजबूत हुई है।
जब उनसे हाल ही में मेरठ में मेडिकल कॉलेज की नर्स की दिनदहाड़े हत्या के मामले में सवाल पूछा गया तो उन्होंने कहा कि वह अभी मेरठ पहुंचे हैं और मामले की पूरी जानकारी लेकर समीक्षा करेंगे।उन्होंने आश्वासन दिया कि दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होगी तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे। एनकाउंटर को लेकर समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव की टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया देते हुए असीम अरुण ने कहा कि कोई भी पुलिसकर्मी घर से यह सोचकर नहीं निकलता कि आज एनकाउंटर करना है।
उन्होंने अपने पुलिस सेवा के दिनों का उल्लेख करते हुए कहा कि मेरठ में तैनाती के दौरान उनके भी तीन एनकाउंटर हुए थे और एक घटना में उनके पैर में गोली भी लगी थी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि कोई अपराधी पुलिस पर गोली चलाता है तो पुलिस को आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई का पूरा अधिकार है।
असीम अरुण ने कहा, "आज मैं स्पष्ट शब्दों में कहना चाहता हूं कि यदि कोई अपराधी पुलिस पर गोली चलाएगा तो पुलिस गोली का जवाब गोली से ही देगी।" उन्होंने कहा कि मेरठ आर्थिक प्रगति का प्रमुख केंद्र रहा है, लेकिन अब आवश्यकता है कि अगले 20 वर्षों के लिए सुनियोजित विकास की नींव रखी जाए।
उन्होंने कहा कि शहर में कूड़ा प्रबंधन, स्ट्रीट लाइट, शहरी सुविधाओं और प्रशासनिक व्यवस्था को परफेक्ट सिस्टम के रूप में विकसित करना होगा ताकि मेरठ देश के सर्वश्रेष्ठ शहरों में शामिल हो सके। सफाई कर्मचारियों और आउटसोर्सिंग कर्मचारियों की समस्याओं पर असीम अरुण ने कहा कि सरकार ने आउटसोर्सिंग व्यवस्था को व्यवस्थित करने के लिए विशेष कॉरपोरेशन का गठन किया है।
उन्होंने कहा कि कई जगहों से दो-दो और तीन-तीन महीने तक वेतन न मिलने की शिकायतें मिलती रही हैं। अब आईटी आधारित व्यवस्था के माध्यम से कर्मचारियों की उपस्थिति, अवकाश, साप्ताहिक छुट्टी और वेतन भुगतान की निगरानी की जाएगी।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक आउटसोर्सिंग कर्मचारी को वेतन पर्ची उपलब्ध कराई जाएगी तथा यह सुनिश्चित किया जाएगा कि किसी भी कर्मचारी का शोषण न हो। साथ ही ईपीएफ और ईएसआईसी जैसी सुविधाओं को भी प्रभावी ढंग से लागू किया जाएगा ताकि कर्मचारियों को उनके वैधानिक अधिकार मिल सकें।
पत्रकार वार्ता के अंत में प्रभारी मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा विकसित भारत के लिए जो सिस्टम आधारित शासन मॉडल तैयार किया गया है, उसी सोच के साथ मेरठ को और अधिक आधुनिक, व्यवस्थित और विकासशील बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि मेरठ पहले से बेहतर है, लेकिन इसे देश के सर्वश्रेष्ठ विकसित शहरों में शामिल करना ही उनकी प्राथमिकता होगी।