भीषण गर्मी को देखते हुए प्रदेश सरकार ने परिषदीय विद्यालयों में ग्रीष्मकालीन अवकाश बढ़ाने का निर्णय लिया है। अब उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा परिषद के नियंत्रणाधीन संचालित एवं मान्यता प्राप्त विद्यालयों में 25 जून से पठन-पाठन शुरू होगा, जबकि पहले विद्यालय 16 जून से खुलने थे। अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा की ओर से जारी आदेश के अनुसार वर्ष 2026 से प्रत्येक वर्ष 20 मई से 24 जून तक ग्रीष्मकालीन अवकाश रहेगा। इस निर्णय का उद्देश्य भीषण गर्मी के दौरान छात्र-छात्राओं के स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ.राकेश कुमार ने बताया कि शिक्षक व शिक्षणोत्तर कर्मचारी विद्यालयों में उपस्थित रहेंगे। 25 जून से शिक्षण कार्य सुचारु रूप से संचालित होगा। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर 21 जून को विद्यालयों में योग कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। हालांकि, विद्यालयों में शैक्षणिक गतिविधियों की तैयारियों के लिए 22, 23 और 24 जून को सभी शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक एवं शिक्षणेत्तर कर्मचारियों को विद्यालय में उपस्थित रहना होगा। इस दौरान लेसन प्लान तैयार करने, मिड-डे मील की व्यवस्था, पाठ्य पुस्तकों की उपलब्धता, विद्यालय परिसर, रसोई और शौचालयों की साफ-सफाई, पेयजल की व्यवस्था तथा स्मार्ट क्लास एवं आईसीटी लैब को क्रियाशील रखने जैसे कार्य पूरे किए जाएंगे।
आदेश में यह भी कहा गया है कि 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर विद्यालयों में सामूहिक योगाभ्यास आयोजित किया जाएगा। बेसिक शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि विद्यालयों में अवकाश बढ़ने के बावजूद आरटीई एक्ट के तहत निर्धारित 220 कार्य दिवसों का अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा। इसके लिए बेसिक शिक्षा परिषद को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी करने के निर्देश दिए गए हैं।
ग्रीष्मकालीन अवकाश के बाद मंगलवार को पहले दिन परिषदीय विद्यालय आने वाले बच्चों का शिक्षकों ने तिलक और पुष्प वर्षा कर स्वागत किया। विद्यालय परिसर में बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें विद्यालय आने के लिए प्रेरित किया गया। स्वच्छता एवं अनुशासन का पालन करने का संदेश दिया गया।