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कोसी बैराज के सभी 56 गेट खोले गए, लगातार बढ़ रहा जलस्तर

नेपाल में भारी बारिश के कारण कोसी बैराज के सभी 56 गेट खोले गए, जिससे बिहार के कई जिलों में बाढ़ के हालात पैदा हो गए हैं। लगातार बारिश से नदी में पानी का स्तर बढ़ रहा है, जिसके बाद बैराज के दोनों तरफ खतरे का संकेत देने वाली लाल बत्तियां जलाई गई हैं। यह स्थिति कोसी नदी के उफान के कारण उत्पन्न हुई है, जिसे 'बिहार का शोक' भी कहा जाता है। नेपाल में हो रही भारी बारिश के कारण कोसी नदी में पानी का स्तर बढ़ रहा है। पानी के बढ़ते प्रवाह को नियंत्रित करने के लिए कोसी बैराज के सभी 56 गेट खोल दिए गए हैं। 

कोसी नदी का जलस्तर बढ़ने से बिहार के सुपौल, सहरसा और मधेपुरा जैसे जिलों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।  बैराज के आसपास लाल बत्तियां जलाई गई हैं, जो जलस्तर के खतरे के निशान पर पहुंचने का संकेत देती हैं। बाढ़ के कारण हजारों लोगों की आबादी प्रभावित होती है। कोसी नदी द्वारा हर साल बहाकर लाई जाने वाली गाद भी नदी के तल पर जमा होती है, जिससे बाढ़ का खतरा बढ़ जाता है, खासकर मानसून के दौरान। जुलाई के महीने में कोसी नदी में इस स्तर पर जलस्तर बढ़ना पिछले 44 सालों में पहली बार हुआ है।