सीमांत जिले में आयोजित प्रादेशिक सेना की भर्ती रैली में बेरोजगारी का आलम साफ दिखा। सेना के विभिन्न पदों पर भर्ती के लिए दूसरे राज्यों के 20,000 से अधिक युवा पहुंचे थे। देश में बेरोजगारी किस कदर व्याप्त है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि आठवीं, दसवीं और बारहवीं पास युवाओं के लिए हो रही भर्ती में स्नातक और परास्नातक कर चुके युवा भी हिस्सा लेने आए हैं। इनमें कई युवा ऐसे भी हैं जो कई बार सेना भर्ती में शामिल हो चुके हैं।