Jammu and Kashmir: वैष्णो देवी से लौट रहे कई तीर्थयात्री कटरा स्थित अपने बेस पर सुरक्षित पहुंचकर अपनी किस्मत का शुक्रिया अदा कर रहे हैं। जम्मू कश्मीर के रियासी जिले में पहाड़ी पर स्थित इस मंदिर के रास्ते में मंगलवार को हुए भूस्खलन में अब तक 32 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है। लगातार भारी बारिश के कारण हुए भूस्खलन में कम से कम 20 लोग घायल हो गए।
कटरा से मंदिर तक की 12 किलोमीटर की घुमावदार यात्रा के लगभग आधे रास्ते में एक जगह भूस्खलन हुआ है। भूस्खलन के बाद रास्ता बंद होने के कारण कुछ तीर्थयात्री अपने साथ यात्रा कर रहे समूह के अन्य लोगों से अलग हो गए हैं। वे अब लापता लोगों की खबर का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं, दूरसंचार सेवाएं अब भी बाधित है।
मंगलवार दोपहर करीब तीन बजे जब पहाड़ की ढलान ढही तो पत्थर और चट्टानें तेजी से नीचे गिरने लगीं, जिसके बाद तीर्थयात्रा स्थगित कर दी गई। जम्मू क्षेत्र में पिछले कुछ दिनों से हो रही लगातार बारिश ने परिवहन को भी प्रभावित किया है। उत्तर रेलवे ने 45 ट्रेनें रद्द कर दी हैं और 25 को बीच में ही रोक दिया है।
वैष्णो देवी से लौट रहे कई तीर्थयात्रियों को पंजाब और उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों में वापस जाने में मुश्किल हो रही है। जम्मू में पिछले 24 घंटों में 380 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो 1910 में वेधशाला की स्थापना के बाद से 24 घंटे की अवधि में जम्मू में दर्ज की गई अब तक की सबसे अधिक बारिश है। बाढ़ के कारण जम्मू-पठानकोट राजमार्ग पर स्थित ऐतिहासिक माधोपुर पुल क्षतिग्रस्त हो गया है, जिससे यातायात ठप हो गया है।