पड़ोसी देश नेपाल में पेट्रोल 2 रुपये और डीजल 12 रुपये प्रति लीटर सस्ता कर दिया गया है. नेपाल ऑयल कॉरपोरेशन (NOC) ने नोटिस जारी कर जानकारी दी है कि शुक्रवार दोपहर 12 बजे से पेट्रोल, डीजल और केरोसिन की कीमते घटा दी गई है. नई कीमतों के अनुसार, पेट्रोल अब 214.50 रुपये प्रति लीटर और डीजल-केरोसिन 222.50 रुपये प्रति लीटर (पहले कैटेगरी एरिया) मिलेगा.
वहीं, एविएशन फ्यूल और रसोई गैस के दाम बढ़ाए गए हैं. घरेलू एविएशन फ्यूल 7 रुपये प्रति लीटर महंगा हुआ है, जबकि काठमांडू के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इसमें 46 डॉलर प्रति किलोलीटर की बढ़ोतरी हुई है. एलपीजी सिलेंडर के दाम 150 रुपये बढ़ गए हैं, जिससे अब एक सिलेंडर की कीमत 2160 रुपये हो गई है.
इससे पहले लगातार चार बार पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ाए गए थे. NOC ने अप्रैल में पेट्रोल की कीमत में 17 रुपये प्रति लीटर और डीजल में करीब 25 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की थी. इस बढ़ोतरी के बाद नेपाल के कई शहरों में पेट्रोल का भाव 216.50 रुपये प्रति लीटर और डीजल की कीमत 204.50 रुपये प्रति लीटर पहुंच गई थी.
नेपाल पूरी तरह से ईंधन आयात पर निर्भर देश है, इसलिए अंतरराष्ट्रीय बाजार में होने वाले उतार-चढ़ाव का सीधा असर यहां की कीमतों पर पड़ता है. खासकर भारत से आने वाले पेट्रोलियम उत्पादों की कीमत बदलते ही नेपाल में भी उनके दाम तुरंत समायोजित कर दिए जाते हैं.
दिल्ली में पेट्रोल की कीमत 94.77 रुपये प्रति लीटर और डीजल 87.67 रुपये प्रति लीटर पर बनी हुई है. वहीं, मुंबई में पेट्रोल करीब 103.50 रुपये प्रति लीटर और डीजल लगभग 90.01 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है, जो दिल्ली के मुकाबले ज्यादा है. Indian Oil Corporation (IOC) ने कहा है कि 1 मई 2026, शुक्रवार को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है.
सरकार ने 1 मई से पेट्रोलियम उत्पादों पर नए एक्सपोर्ट ड्यूटी की घोषणा की है. इसमें डीजल पर 23 रुपये प्रति लीटर और एविएशन टरबाइन फ्यूल (ATF) पर 33 रुपये प्रति लीटर ड्यूटी तय की गई है, जबकि पेट्रोल को ड्यूटी फ्री रखा गया है. वहीं कच्चे तेल की कीमतें बढ़कर करीब 126 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई हैं, जो पहले लगभग 73 डॉलर प्रति बैरल थीं.
ग्लोबल मार्केट में 30 अप्रैल को कच्चे तेल की कीमत में बड़ी तेजी देखने को मिली. कच्चा तेल 7 फीसदी की बढ़त के साथ 126 डॉलर पर पहुंच गया था. पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने कहा कि देश में एलपीजी, पेट्रोल और डीजल पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं और उनकी कीमतों में कोई बढ़ोतरी नहीं हो रही है, इसलिए लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है. उन्होंने बताया कि कुछ जगहों पर लोग घबराकर पेट्रोल-डीजल खरीद रहे हैं, जबकि सरकार लगातार राज्यों के संपर्क में है और स्थिति पर नजर बनाए हुए है.