Breaking News

टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग के एक संदिग्ध को कोटा से हिरासत में लिया गया     |   हैदराबाद के पास सड़क हादसा, खड़ी लॉरी से टकराई RTC बस, 15 घायल     |   कनाडाई सैन्य अड्डे पर घास में लगी आग, 4 लोगों की मौत     |   तेल अवीव-वियना फ्लाइट को मिली बम से उड़ाने की धमकी, बुल्गारिया में कराई गई इमरजेंसी लैंडिंग     |   भारत छोड़ने के नोटिस को इमरान खान ने दी चुनौती, बॉम्बे हाई कोर्ट में सुनवाई आज     |  

तीन नए क्रमिनल लॉ के खिलाफ मद्रास हाईकोर्ट में याचिका दायर

तमिलनाडु की सत्ताधारी डीएमके पार्टी  केंद्र सरकार के बनाए गए तीन क्रिमिनल लॉ के अधिकार क्षेत्र पर सवाल उठाते हुए असंवैधानिक बताया और उसे रद्द करने के लिए मद्रास हाई कोर्ट में याचिका दायर की है।केंद्र सरकार ने तीन कानूनों, जिसमें भारतीय न्याय संहिता, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता और भारतीय साक्ष्य अधिनियम शामिल हैं। इनको बीते एक जुलाई को लागू किया गया है।

डीएमके संगठन सचिव आर.एस भारती ने मद्रास हाई कोर्ट में दो जजों की बेंच के सामने ये याचिका दायर की है।जस्टिस एस.एस. सुंदर और जस्टिस एन. सेंथिल कुमार ने मामले में सुनवाई करते हुए केंद्र को नोटिस जारी किया है और जवाब देने के लिए चार हफ्तों का समय दिया है।डीएमके की दायर याचिका मे कहा गया है कि केंद्र सरकार की ओर से राज्य पर थोपे गए तीनों क्रिमिनल लॉ का कोई अर्थ नहीं है और वो बेकार हैं।

भारतीय दंड संहिता, आपराधिक प्रक्रिया संहिता और भारतीय साक्ष्य अधिनियम की जगह लेने वाले नए आपराधिक कानून, भारतीय न्याय संहिता, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता और भारतीय साक्ष्य अधिनियम, 1 जुलाई को लागू हुए।डीएमके, एआईएडीएमके और अन्य राजनीतिक दलों की कानूनी शाखा से जुड़े वकील भी तीन नए आपराधिक कानूनों का विरोध कर रहे हैं।