Rajasthan: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को लोगों से एक साल तक सोना न खरीदने की अपील की। राजस्थान में जैसलमेर के ज्वैलर्स में इस अपील से चिंता घर कर गई है। मोदी ने हैदराबाद में बीजेपी की रैली में ये अपील की थी।
जैसलमेर के जौहरियों ने कहा कि सोना भारतीय परंपराओं, शादियों और घरेलू सुरक्षा के साथ गहराई से जुड़ा हुआ है। लोकप्रिय होने के बावजूद अपील से इसकी मांग में कमी आ सकती है। उन्होंने कहा कि इस अपील का छोटे जौहरियों, कारीगरों और व्यापार में जुड़े कामगारों पर सीधा असर पड़ेगा।
जौहरियों ने कहा कि उनका उद्योग पहले ही सोने की बढ़ती कीमतों और बाजार में उतार-चढ़ाव से जूझ रहा है। ऐसे में उन्हें डर है कि अगर उपभोक्ता मांग कमजोर होती है तो और मंदी आ सकती है। व्यापारियों ने कहा कि वे निश्चित रूप से प्रधानमंत्री की अपील की वजह समझते हैं, फिर भी अगर वे लोगों को सोना खरीदने से पूरी तरह परहेज करने के बजाय सोने की खरीद कम करने का सुझाव देते तो बेहतर होता।
खरीदारों का ख्याल भी कुछ ऐसा ही है। उनका कहना है कि बढ़ती कीमतों के बावजूद शादियों और पारिवारिक जिम्मेदारियों से जुड़ी सोने की खरीदारी कम नहीं की जा सकती। महाराष्ट्र ज्वैलर्स एसोसिएशन ने भी इस अपील पर आश्चर्य जताया है। उनका कहना है कि इससे शादी के मौजूदा सीजन में गहनों की बिक्री पर काफी असर पड़ेगा और ज्वैलर्स को नुकसान होगा।
सोने की खरीदारी ना करने की अपील के अलावा प्रधानमंत्री मोदी ने लोगों से ईंधन का विवेकपूर्ण इस्तेमाल करने, गैर-जरूरी विदेश यात्रा ना करने और जितना मुमकिन हो, घर से काम करने की भी अपील की है, ताकि मौजूदा भू-राजनीतिक अनिश्चितता के बीच अर्थव्यवस्था की मजबूती बनी रहे।