मशहूर मलयालम कवि और गीतकार पी. के. गोपी की कविताओं का कलेक्शन अब जल्द ही अंग्रेजी में भी उपलब्ध होगा। पी. के. गोपी के 10 साल के धेवते जहान जोबी मलयालम में लिखी कविताओं का ट्रांसलेशन कर रहे हैं।
जहान जोबी ने बताया कि उन्होंने अपने नानाजी की किताब 'आत्मान' का आधा हिस्सा पहले ही पूरा कर लिया था। जल्द ही इसे 'सॉलिट्यूड' टाइटल के साथ इंग्लिश रीडर्स के लिए उपलब्ध कराया जाएगा। जहान के काम करने के तरीके से उनके माता-पिता काफी खुश हैं।
10 साल के जहान ट्रांसलेशन के साथ-साथ पेंटिंग में भी माहिर हैं। उन्हें कई म्यूजिकल इंस्ट्रूमेंट बजाने आते हैं।
जहान का मकसद, अगले दो महीने के अंदर अपने नानाजी की कविताओं को ट्रांसलेट कर उन्हें इंग्लिश रीडर्स तक पहुंचाना है।