गुजरात का सूरत देश के सबसे साफ-सुथरे शहरों में पहले नंबर पर है। अब सफाई अभियान पर एआई तकनीक के जरिए निगरानी रखी जा रही है। ऐसा करने वाला ये देश का पहला शहर है। सूरत में अगर कोई सार्वजनिक जगह पर कूड़ा फेंकता है, तो एआई के जरिए उसका फौरन पता लग जाएगा और कूड़ा फेंकने वालों पर जुर्माना लगाया जाएगा।
सूरत नगर निगम ने सफाई व्यवस्था को ज्यादा सुचारू और प्रभावी बनाने के लिए कचरा फेंककर गंदगी फैलाने वालों को पकड़ने के लिए एआई आधारित स्वचालित प्रणाली शुरू की है। नई तकनीकी प्रणाली सूरत इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से जुड़ी है। यहां 3000 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरे लगातार शहर की सफाई पर नजर रखते हैं।
जैसे ही एआई को पता चलता है कि कूड़ा कहां है, तो वे नगर निगम की टीम को ऑटोमैटिक अलर्ट भेजता है। जहां भी कूड़ा होता है, वहां तुरंत सफाई कर्मचारियों को भेजकर सफाई कराई जाती है। अगर कोई शख्स कचरा फेंक रहा है, तो एआई उसे भी पहचान लेता है और जुर्माने के लिए रिपोर्ट तैयार करता है।
अब तक एआई के जरिए 2100 से ज्यादा जगहों पर कूड़ा डंपों की पहचान की गई है, 700 लोगों की पहचान की गई है और 51,000 रुपये का जुर्माना लगाया गया है। जिन जगहों पर अक्सर कचरा फेंका जाता है, वहां ज्यादा कैमरे लगाए जा रहे हैं ताकि कचरा फेंकने वालों को तुरंत पकड़ा जा सके।
सूरत में एआई आधारित स्वच्छता अभियान, कूड़े की निगरानी के लिए लगाए गए सीसीटीवी
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