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हिमाचल में पेट्रोल-डीजल पर लगा ‘विधवा-अनाथ उपकर’, धर्मशाला में बढ़े ईंधन के दाम

हिमाचल प्रदेश सरकार ने पेट्रोल और डीजल पर 60 पैसे प्रति लीटर ‘विधवा और अनाथ उपकर’ (Widow and Orphan Cess) लगाया है। इस अतिरिक्त उपकर के बाद धर्मशाला में पेट्रोल की कीमत में 71 पैसे प्रति लीटर तक और डीजल की कीमत में 69 पैसे प्रति लीटर तक की बढ़ोतरी हुई है। इसके अलावा राज्य सरकार ने बिजली बिलों पर मिल्क सेस भी लागू किया है।

सरकार का कहना है कि इन उपकरों से मिलने वाली राशि का इस्तेमाल कल्याणकारी योजनाओं के लिए किया जाएगा। हालांकि, अतिरिक्त शुल्क के बाद आम लोगों, खासकर टैक्सी चालकों और निम्न एवं मध्यम आय वर्ग के परिवारों पर आर्थिक दबाव बढ़ने की चिंता सामने आई है। बीजेपी सांसद मनोज तिवारी ने हिमाचल सरकार के फैसले को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि यही लोग संसद की कार्यवाही नहीं चलने देते और छात्रों के हित में भी खड़े नहीं होते।

वहीं, कांग्रेस सांसद सुखदेव भगत ने हिमाचल सरकार के फैसले का बचाव किया। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश को प्राकृतिक आपदा का सामना करना पड़ा है और राज्य को केंद्र से अपेक्षित सहायता नहीं मिली। सुखदेव भगत ने कहा कि प्रधानमंत्री ने हिमाचल का दौरा किया था और कई वादे किए गए, लेकिन राज्य को अपेक्षित केंद्रीय सहायता नहीं मिल सकी। उनके मुताबिक, राज्य सरकार के पास राजस्व के सीमित स्रोत हैं और ऐसे में लगाए गए करों का उद्देश्य कल्याणकारी योजनाओं के लिए धन जुटाना है, न कि किसी विलासिता या अनावश्यक खर्च के लिए। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से लगाए गए ये उपकर कल्याणकारी उद्देश्यों के लिए हैं और इनका इस्तेमाल जरूरतमंद लोगों की मदद के लिए किया जाएगा।