Breaking News

‘बिल पास होना संभव ही नहीं था’, 131वां संविधान संशोधन बिल गिरने पर बोलीं प्रियंका गांधी     |   सैन्य जहाजों को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरने की अनुमति नहीं होगी: ईरानी अधिकारी     |   लखनऊ: दोहरी नागरिकता मामले में राहुल गांधी पर FIR दर्ज करने के आदेश     |   अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपये में आज भी तेजी, 29 पैसे चढ़कर 92.85 पर पहुंचा     |   सेंसेक्स 504 अंक उछलकर 78,493 पर, निफ्टी 156 अंक चढ़कर 24,353 पर बंद हुए     |  

सीएम देवेंद्र फडणवीस ने उद्धव ठाकरे पर साधा निशाना, कहा- उनका तो रुदाली का रोना था

Maharashtra: शिवसेना (यूबीटी) अध्यक्ष उद्धव ठाकरे पर परोक्ष रूप से निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शनिवार को कहा कि उन्होंने संयुक्त रैली में "रुदाली" (पेशेवर शोकसभा) जैसा भाषण दिया। उन्होंने मनसे अध्यक्ष राज ठाकरे को दो ठाकरे चचेरे भाइयों को फिर से मिलाने का श्रेय देने के लिए "धन्यवाद" दिया।

इससे पहले दिन में चचेरे ठाकरे भाइयों ने राज्य के स्कूलों में कक्षा एक से हिंदी को तीसरी भाषा के रूप में शुरू करने के लिए सरकार द्वारा पहले जारी किए गए दो सरकारी आदेशों को वापस लेने का जश्न मनाने के लिए मुंबई में विजय रैली में सार्वजनिक मंच साझा किया। सभा को संबोधित करते हुए राज ठाकरे ने हल्के-फुल्के अंदाज में फडणवीस को दोनों चचेरे भाइयों को साथ लाने का श्रेय दिया, जो बाल ठाकरे भी नहीं कर पाए।

मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा, "मैं उनका आभार मानता हूं, विशेषत राज ठाकरे का आभार मानता हूं कि उन्होंने सारा श्रेय मुझे दिया है, हम जोड़ने वाले हैं, तोड़ने वाले नहीं हैं। ये उनके ध्यान आया होगा। निश्चित रूप से स्वर्गीय बालासाहेब ठाकरे का आशीर्वाद भी मुझे ही मिला होगा क्योंकि अगर मेरे ही कारण ये दो भाई साथ में आए। देखिए इनको अलग तो मैंने नहीं किया था। आपस में झगड़कर अलग हुए थे। उनको बाहर तो उन्होंने निकाला था लेकिन अगर ऐसा हुआ है तो अच्छी बात है। लेकिन मैं ये कहना चाहता हूं कि आज का कार्यक्रम मुझे लगा था कि विजय उत्सव होगा लेकिन वो तो रुदाली का रोना था, उसमें विजय उत्सव कहीं देखने को नहीं मिला।"