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वायनाड में प्रियंका गांधी की बंपर जीत, जनता की आवाज संसद में उठाने का भरोसा दिलाया

Kerala: वायनाड लोकसभा चुनाव में शानदार जीत के बाद अब प्रियंका गांधी वाड्रा भी लोकसभा में नजर आएंगी। ऐसा पहली बार होगा जब गांधी परिवार के तीन सदस्य एक साथ संसद में नजर आएंगे। दरअसल सोनिया गांधी राज्यसभा सांसद हैं तो राहुल गांधी लोकसभा सदस्य हैं। अब प्रियंका गांधी भी लोकसभा पहुंच गई हैं। बंपर जीत के बाद प्रियंका गांधी ने कहा कि वह वायनाड की जनता की आवाज संसद में उठाने के लिए बेकरार हैं। 

प्रियंका ने केरल की वायनाड लोकसभा सीट पर हुए उपचुनाव में 4 लाख 10 हजार 931 वोटों के भारी अंतर से जीत हासिल की है। इतनी बड़ी जीत से प्रियंका ने राहुल गांधी के 2024 में जीत के रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया है। तब राहुल गांधी को 3. 6 लाख वोटों से जीत मिली थी। उपचुनाव में प्रियंका को कुल 6 लाख 22 हजार 338 वोट मिले। एलडीएफ के सत्यन मोकेरी 2 लाख 11 हजार 407 वोट के साथ दूसरे स्थान पर रहे जबकि बीजेपी की नव्या हरिदास 1,09,939 वोट मिले। प्रियंका की जीत से ये तो तय हो गया है कि संसद में कांग्रेस और मजबूत होगी क्योंकि प्रियंका का सरकार पर हमला बोलने का अपना अलग ही अंदाज है।

सोशल मीडिया पर प्रियंका गांधी ने लिखा है कि वह वायनाडा की जनता की उम्मीदों पर खरा उतरने की पूरी कोशिश करेंगी क्योंकि जनता ने उन पर पूरा भरोसा जताया है। गांधी परिवार की विरासत के हिसाब से तो प्रियंका को बहुत पहले ही सक्रिय राजनीति में आ जाना चाहिए था लेकिन प्रियंका ने बहुत लंबे वक्त बाद सियासत में कदम रखा।सवाल ये भी उठ रहे थे कि क्या दो बच्चों की मां प्रियंका गांधी सक्रिय राजनीति में शामिल होंगी और होंगी भी तो चुनाव कब लड़ेंगी।

सितंबर 1999 में प्रियंका गांधी ने मीडिया को बताया था कि राजनीति में उनके आने में "लंबा और बहुत लंबा वक्त" लग सकता है। ऐसा ही हुआ भी। उन्होंने 20 साल बाद 2019 में सियासत में कदम रखा और बाद में उन्हें कांग्रेस महासचिव नियुक्त किया गया। किशोरावस्था में प्रियंका अक्सर अपने पिता राजीव गांधी को प्रधानमंत्री के रूप में सुनने के लिए संसद जाती थीं। चार दशक बाद अब वह खुद संसद की सदस्य बन गई हैं।