भारत के दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने और यूरोपीय संघ पर लगाए गए अमेरिका के 50 प्रतिशत सीमा शुल्क को नौ जुलाई तक टालने से सोमवार को स्थानीय शेयर बाजारों में तेजी रही। इसके अलावा मानसून के जल्दी आने और भारतीय रिजर्व बैंक के वित्त वर्ष 2025 के लिए सरकार को 2.69 लाख करोड़ रुपये के रिकॉर्ड लाभांश भुगतान से भी बाजार में उम्मीद बढ़ी।
30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 455 अंक उछलकर 82,176 पर जबकि एनएसई निफ्टी 148 अंक चढ़कर 25,001 पर बंद हुआ। सेंसेक्स पैक में महिंद्रा एंड महिंद्रा, नेस्ले इंडिया, एचसीएल टेक, टाटा मोटर्स और आईटीसी सबसे ज्यादा बढ़त में रहे। जबकि, इटर्नल लिमिटेड, अल्ट्रा टेक सीमेंट, सन फार्मा, पावर ग्रिड कॉर्पोरेशन और एनटीपीसी सबसे ज्यादा गिरे।
क्षेत्रीय मोर्चे पर पूंजीगत सामान, ऑटो, आईटी, मेटल, मीडिया, एफएमसीजी और दूरसंचार शेयरों के सूचकांक मजबूत रहे। एशियाई बाजारों में जापान का निक्केई और सियोल का कोस्पी बढ़त के साथ जबकि हॉन्गकॉन्ग का हैंग सेंग और चीन का शंघाई कंपोजिट गिरावट के साथ बंद हुआ।
यूरोपीय बाजार बढ़त के साथ कारोबार कर रहे थे वहीं लंदन स्टॉक एक्सचेंज छुट्टी के कारण बंद रहा। शुक्रवार को वॉल स्ट्रीट में गिरावट दर्ज की गई। शुक्रवार को विदेशी संस्थागत निवेशकों ने 1,794 करोड़ रुपये से ज्यादा के शेयर खरीदे।