फ्लाईदुबई की उड़ान के दौरान हुए संकट में पायलट कैप्टन स्मित मच्छार के साहस और सूझबूझ की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ समेत कई नेताओं ने तारीफ की है। कैप्टन मच्छार विमान में हुए एक गंभीर घटनाक्रम के दौरान घायल हो गए थे, इसके बावजूद यात्रियों की सुरक्षा के लिए उन्होंने अपनी जिम्मेदारी निभाई।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कहा कि गंभीर खतरे के बीच कैप्टन स्मित मच्छार ने जिस साहस और कर्तव्य भावना का परिचय दिया, वह सराहनीय है। उन्होंने कहा कि घायल होने के बावजूद मच्छार ने धैर्य बनाए रखा और विमान में सवार लोगों की जान बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सीएम योगी ने उनके जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना भी की।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी कैप्टन मच्छार के साहस की सराहना करते हुए कहा कि देश उनके साथ खड़ा है। केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने उन्हें 'सच्चा हीरो' बताया। वहीं ज्योतिरादित्य सिंधिया और शिवराज सिंह चौहान ने भी उनके कर्तव्य और यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने की सराहना की।
पूर्व दिल्ली मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी ने भी कैप्टन मच्छार के साहस की तारीफ की और उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना की।
क्या हुआ था फ्लाईदुबई की उड़ान में?
फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 दुबई से तेल अवीव जा रही थी। उड़ान के दौरान कॉकपिट में दोनों पायलटों के बीच कथित तौर पर विवाद और हाथापाई की घटना हुई। इस दौरान कैप्टन स्मित मच्छार गंभीर रूप से घायल हो गए। विमान को बाद में सऊदी अरब के तबुक की ओर मोड़ा गया और वहां सुरक्षित लैंडिंग कराई गई।
फेडरेशन ऑफ इंडियन पायलट्स के अध्यक्ष कैप्टन सीएस रंधावा ने घटना को कॉकपिट रिसोर्स मैनेजमेंट की गंभीर विफलता बताया और पूरे मामले की जांच की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि घटना के दौरान विमान करीब 17 हजार फीट नीचे आया था और कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर तथा डिजिटल फ्लाइट डेटा रिकॉर्डर से घटना की जानकारी सामने आ सकती है।
रंधावा ने यह भी कहा कि घटना को लेकर सामने आ रही आतंकी हमले की चर्चा फिलहाल एक अफवाह है और जांच सऊदी अरब के अधिकारियों द्वारा की जा रही है। फ्लाईदुबई ने बताया कि फ्लाइट डेक में एक 'altercation' हुआ था। विमान में मौजूद ड्यूटी पर तैनात क्रू ने स्थिति को संभाला और विमान को सुरक्षित रूप से तबुक में उतारा। इसके बाद यात्रियों को दूसरे विमान से तेल अवीव भेजा गया।
कैप्टन मच्छार को तबुक के अस्पताल में भर्ती कराया गया है और उनका इलाज चल रहा है। उनके पास 13 साल से अधिक का कमर्शियल एविएशन अनुभव और करीब 9,750 उड़ान घंटे हैं। वह करीब 11 साल तक स्पाइसजेट के साथ काम कर चुके हैं, जिसके बाद फ्लाईदुबई से जुड़े। घटना की परिस्थितियों और कॉकपिट में हुई हाथापाई की वजह की जांच अभी जारी है।