झारखंड सरकार ने शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए कई महत्वपूर्ण फैसले लिए हैं। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में राज्य के पांच नवसृजित प्रखंडों में बालिका आवासीय विद्यालयों के निर्माण को मंजूरी दी गई है। वहीं, छात्रों में अनुसंधान और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए झारखंड छात्र अनुसंधान और नवाचार नीति 2026 को भी मंजूरी दी गई है। इसके अलावा 100 सरकारी स्कूलों को सीएम स्कूल ऑफ एक्सीलेंस के रूप में विकसित किया जाएगा।
गुरुजी क्रेडिट कार्ड योजना के तहत छात्रों को बड़ी राहत दी गई है। अब चार लाख रुपये से अधिक के शिक्षा ऋण पर पांच फीसदी मार्जिन मनी खत्म कर दी गई है। साथ ही पहले जमा की गई फीस की एकमुश्त वापसी का भी प्रावधान किया गया है। छठवीं कक्षा से बारहवीं तक पढ़ने वाली लड़कियों को हर महीने अधिकतम 10 सैनिटरी नैपकिन निशुल्क दिए जाएंगे। कैबिनेट ने कुल 53 प्रस्तावों को मंजूरी दी।