पश्चिम बंगाल, ओडिशा और बंगाल की खाड़ी के आसपास बना कम दबाव का क्षेत्र अब आगे बढ़कर झारखंड होते हुए मध्य प्रदेश के उत्तर-पूर्वी हिस्से में पहुंच गया है। इस मौसम प्रणाली के प्रभाव से मध्य प्रदेश में बारिश का दौर तेज होने की संभावना है। मौसम विभाग ने अगले चार दिनों तक प्रदेश के कई हिस्सों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
मौसम विभाग के भोपाल कार्यालय के मुताबिक, पिछले 24 घंटों के दौरान मध्य प्रदेश के कई इलाकों में भारी बारिश दर्ज की गई। मऊगंज जिले में सबसे ज्यादा 154.8 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई। मौसम विभाग का कहना है कि कम दबाव वाले क्षेत्र के प्रभाव के चलते आने वाले दिनों में भी प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है।
भारी बारिश की संभावना को देखते हुए मौसम विभाग ने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। आईएमडी ने लोगों को मौसम विभाग की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने और अलर्ट के दौरान नदियों, नालों तथा अन्य जलभराव वाले स्थानों के पास जाने से बचने की सलाह दी है। मौसम विभाग के अनुसार, गुरुवार सुबह तक मध्य प्रदेश में इस मानसून सीजन के दौरान सामान्य से करीब 5 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई है। वहीं, पश्चिमी मध्य प्रदेश में बारिश की कमी और ज्यादा है। यहां सामान्य से 17 फीसदी कम बारिश रिकॉर्ड की गई है। मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक, अगले चार दिनों में होने वाली बारिश से प्रदेश में बारिश के आंकड़ों में कुछ सुधार होने की उम्मीद है।