Breaking News

गोवा से दिल्ली आ रही IndiGo की फ्लाइट का इंजन फेल     |   SCO समिट में 30 से ज्यादा अहम दस्तावेजों पर मुहर, AI से ऊर्जा सुरक्षा तक कई समझौते     |   राम मंदिर के पहले CEO के चयन की प्रक्रिया तेज, 3 सदस्यीय कमेटी ने सौंपी रिपोर्ट     |   संभल शाही जामा मस्जिद सर्वे विवाद पर SC में सुनवाई टली, अब 8 सितंबर को होगी सुनवाई     |   BRICS 2026 कारकेड रिहर्सल को लेकर दिल्ली में ट्रैफिक एडवाइजरी जारी     |  

देश में पेट्रोल-डीजल की कोई कमी नहीं, सरकार की लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील

New Delhi: सरकार ने बुधवार को स्पष्ट किया कि देश में पेट्रोल, डीजल या रसोई गैस (एलपीजी) की कोई कमी नहीं है। सरकार ने नागरिकों से सोशल मीडिया पर फैलाई जा रही अफवाहों पर विश्वास न करने और घबराहट में गैस बुकिंग न करने का आग्रह किया है। खाड़ी क्षेत्र के होर्मुज जलडमरूमध्य में जारी तनाव के कारण रसोई गैस की आपूर्ति प्रभावित हुई है।

पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने संवाददाताओं को बताया कि सभी तेल रिफाइनरी कच्चे तेल के पर्याप्त भंडार के साथ पूरी क्षमता से काम कर रही हैं। उन्होंने कहा कि देशभर में पेट्रोल और डीजल का पर्याप्त भंडार मौजूद है और बिक्री केंद्र सामान्य रूप से संचालित हो रहे हैं। शर्मा ने कहा कि अफवाहों पर ध्यान न दें।

हमारे पास ईंधन का पर्याप्त भंडार है और सरकार इसे उपभोक्ताओं तक पहुंचाने के लिए हरसंभव प्रयास कर रही है। उन्होंने बताया कि कुछ इलाकों में अफवाहों के कारण पेट्रोल पंप पर भारी भीड़ देखी गई, जबकि हर जगह पर पर्याप्त भंडार उपलब्ध है। सरकार ने स्पष्ट किया कि पश्चिम एशिया में तनावपूर्ण हालात की वजह से आपूर्ति पर असर पड़ा है, लेकिन कहीं भी भंडार पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है और रसोई गैस सिलेंडर की डिलिवरी सामान्य रूप से जारी है।

सरकार ने बताया कि राज्यों को अतिरिक्त आवंटन किया गया है और होटल व रेस्तरांओं जैसे वाणिज्यिक संस्थानों के लिए आपूर्ति को चरणबद्ध तरीके से 50 प्रतिशत तक बढ़ाया गया है। एलपीजी पर दबाव कम करने के लिए सरकार पाइप वाली रसोई गैस (पीएनजी) के उपयोग को बढ़ावा दे रही है। घरेलू पीएनजी और सीएनजी वाहनों के लिए शत-प्रतिशत आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है।

शर्मा ने बताया कि पिछले 25 दिन में 2.5 लाख नए पीएनजी कनेक्शन दिए गए हैं और 2.20 लाख एलपीजी उपभोक्ताओं ने पीएनजी का विकल्प चुना है। जमाखोरी और कालाबाजारी के खिलाफ राज्यों को कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। अब तक 2,700 से अधिक छापेमारी की गई है, जिनमें लगभग 2,000 सिलेंडर जब्त किए गए और 155 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।