उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को अयोध्या दौरे के दौरान रामनगरी को विकास की बड़ी सौगात दी। इस दौरान उन्होंने 126 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। साथ ही वीरांगना झलकारी बाई की प्रतिमा का अनावरण और राजकीय आयुर्वेदिक महाविद्यालय का लोकार्पण भी किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि डबल इंजन की सरकार में प्रदेश का तेजी से विकास हो रहा है। उन्होंने वीरांगना झलकारी बाई को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उनकी सरकार राष्ट्र नायकों और वीरांगनाओं को उचित सम्मान देने का काम कर रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में वीरांगनाओं के नाम पर पीएसी बटालियन भी स्थापित की गई हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नए भारत में विरासत और सांस्कृतिक धरोहरों को सम्मान मिल रहा है। उन्होंने लोगों से सामाजिक एकता बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि समाज को बांटने वाली ताकतों से सावधान रहने की जरूरत है। कुछ लोग समाज में विभाजन पैदा करना चाहते हैं, लेकिन हमें एकजुट होकर विकास के रास्ते पर आगे बढ़ना है।
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने पिछली सरकारों पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पहले किसान आत्महत्या के लिए मजबूर होते थे और बेटियां खुद को असुरक्षित महसूस करती थीं, लेकिन आज उत्तर प्रदेश बीमारू राज्य की छवि से बाहर निकलकर देश का ग्रोथ इंजन बन चुका है। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश को गुलामी की मानसिकता से बाहर निकलना होगा और राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखना होगा। उन्होंने दावा किया कि पहले प्रदेश में त्योहारों से पहले उपद्रव की आशंका रहती थी, जबकि आज कानून-व्यवस्था मजबूत हुई है और विकास का माहौल बना है।
मुख्यमंत्री ने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि इन दलों ने राम मंदिर निर्माण का विरोध किया था। उन्होंने आरोप लगाया कि रामभक्तों पर गोली चलाने वाले आज रामभक्तों को उपदेश देने का प्रयास कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ऐसा कोई काम नहीं होने देगी जिससे रामभक्तों का अपमान हो।
राम मंदिर से जुड़े हालिया विवादों का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ट्रस्ट के अनुरोध पर सरकार ने विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जांच निष्पक्ष होगी और "दूध का दूध और पानी का पानी" हो जाएगा। साथ ही उन्होंने कहा कि कोई भी अपराधी हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा। अयोध्या दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने विकास, विरासत, सामाजिक एकता और कानून-व्यवस्था को सरकार की प्राथमिकता बताते हुए प्रदेश को आगे बढ़ाने के संकल्प को दोहराया।