तमिलनाडु में द्रविड़ मुनेत्र कषगम की सहयोगी पार्टी तमिलगा वझवुरिमाई काची ने सत्तारूढ़ पार्टी के नेतृत्व वाले धर्मनिरपेक्ष प्रगतिशील गठबंधन (एसपीए) से अपना समर्थन वापस लेने का फैसला किया है। पार्टी के संस्थापक टी. वेलमुरुगन ने रविवार को यह जानकारी दी। पनरुति (कुड्डालोर जिला) विधानसभा क्षेत्र से मौजूदा विधायक वेलमुरुगन ने कहा कि अपनी पार्टी की ‘उपेक्षा’ और डीएमके के ‘‘धौंस जमाने वाले रवैये’’ से नाखुश होकर यह फैसला लिया गया।
वेलमुरुगन ने कहा, ‘‘सीट बंटवारे की बातचीत के दौरान हमें बताया गया था कि विधानसभा चुनाव के लिए हमें एक सीट आवंटित की जाएगी। हम सामाजिक न्याय सहित कई मांगें उठाते रहे हैं। हमसे पूछा गया कि जब अन्य दल कोई मांग नहीं कर रहे हैं, तो आप ऐसी मांगें क्यों कर रहे हैं।’’ उन्होंने दावा किया, ‘‘मैं सरकार से बार-बार कुछ मांगें पूरी करने का आग्रह करता रहा हूं। लेकिन द्रमुक इसे नजरअंदाज करती रही है।’’ भविष्य के कदम के बारे में उन्होंने कहा कि उनका संगठन तमिलनाडु में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन में शामिल नहीं होगा और उन्होंने संकेत दिया कि वह एक गठबंधन बनाने के लिए कुछ दलों से बातचीत कर रहे हैं।
तमिलनाडु में गठबंधन टूटा, वेलमुरुगन ने DMK से नाता तोड़ा
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