महाराष्ट्र के पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ में कथित जहरीली शराब पीने से 8 लोगों की मौत के बाद हड़कंप मच गया है। पिछले दो दिनों में पिंपरी-चिंचवड़ के फुगेवाड़ी इलाके में पांच और पुणे शहर के हडपसर क्षेत्र में तीन लोगों की मौत हुई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और राज्य आबकारी विभाग ने जांच तेज कर दी है। पिंपरी-चिंचवड़ पुलिस ने इस मामले में योगेश वानखेड़े नामक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। अधिकारियों के मुताबिक आरोपी पर दोनों इलाकों में शराब सप्लाई करने का आरोप है। इससे पहले उसे पुणे राज्य आबकारी विभाग भी हिरासत में ले चुका था।
पिंपरी-चिंचवड़ के डीसीपी संदीप अटोले ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि जहरीली शराब के सेवन से 7 लोगों की मौत हुई है, जबकि 3 अन्य का इलाज चल रहा है। पुलिस और आबकारी विभाग ने अब तक 8 लोगों को हिरासत में लिया है और मामले की विस्तृत जांच जारी है। फॉरेंसिक विभाग ने मिलावटी शराब की जांच पूरी कर अपनी रिपोर्ट दापोडी पुलिस स्टेशन को सौंप दी है। शुरुआती रिपोर्ट में शराब में जहरीले और रासायनिक पदार्थों की मिलावट की पुष्टि हुई है। इसके आधार पर पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई की तैयारी कर रही है।
इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है। नागरिकों ने पुलिस और राज्य आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। लोगों का आरोप है कि अवैध शराब कारोबार पर समय रहते कार्रवाई नहीं की गई, जिसके चलते यह हादसा हुआ। इधर, आगामी बकरीद और अन्य त्योहारों को देखते हुए पुणे पुलिस ने शहर में महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम की धारा 37(1)(3) के तहत 26 मई से 8 जून तक निषेधाज्ञा लागू कर दी है। आदेश के तहत हथियार, विस्फोटक, ज्वलनशील पदार्थ और सार्वजनिक शांति भंग करने वाली गतिविधियों पर रोक लगाई गई है।