Breaking News

स्वतंत्र भारद्वाज के खिलाफ POCSO केस में FIR, BNS की 5 धाराओं के तहत मामला दर्ज     |   अफ्रीकी द्वीप देश केप वर्डे में सड़क हादसा, 25 लोगों की मौत     |   मणिपुर के चुराचांदपुर में एनकाउंटर, UKNA के 2 उग्रवादी ढेर     |   राम मंदिर चंदा चोरी मामले में 8 आरोपियों की बढ़ी मुश्किलें, 18 सितंबर तक न्यायिक हिरासत में रहेंगे     |   PM मोदी कल मंत्रियों के साथ करेंगे रिव्यू मीटिंग, मंत्रालयों के कामकाज का लेंगे जायजा     |  

हिमाचल प्रदेश में मूसलाधार बारिश से 471 सड़कें और स्कूल बंद

हिमाचल प्रदेश में मूसलाधार बारिश के कारण हुए भूस्खलन से एक नवविवाहित दंपति की मौत हो गई। राज्य में भारी बारिश के कारण 471 सड़कें अवरुद्ध हो गई हैं, विद्यालयों को बंद कर दिया गया है और जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। राज्य के मौसम विभाग ने शिमला, कांगड़ा, चंबा, सिरमौर और मंडी सहित राज्य के 12 जिलों में से पांच में बहुत भारी से बेहद भारी बारिश का 'रेड अलर्ट’ जारी किया है। चंबा जिले में भारी बारिश के कारण सोमवार तड़के सुतांह गांव में एक मकान के ऊपर एक चट्टान गिर गई, जिससे नवविवाहित दंपति की मौत हो गई।

उनकी पहचान सनी और पल्लू के तौर पर हुई है। अधिकारियों ने सोमवार सुबह घोषणा की कि भारी बारिश के बाद भूस्खलन और सड़कें अवरुद्ध होने के कारण राज्य के चार जिलों के कई उप-विभागों में स्कूल सोमवार को बंद रहेंगे। शिमला जिले के ठियोग, रोहड़ू, जुब्बल, चौपाल और कुमारसैन, मंडी जिले के थुनाग और करसोग, कुल्लू जिले के आनी और सिरमौर जिले के शिलाई में शैक्षणिक संस्थान बंद कर दिए गए हैं।

हालांकि, देरी से की गई घोषणा के कारण छात्रों और अभिभावकों को असुविधा हुई। राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (एसईओसी) के अनुसार, 471 प्रभावित सड़कों में सबसे ज्यादा 310 सड़कें मंडी जिले में हैं तथा 1,199 बिजली वितरण ट्रांसफार्मर और 676 जलापूर्ति योजनाएं भी प्रभावित हुई हैं। अधिकारियों ने कहा कि सड़क पर लगातार मलबा गिरने से राष्ट्रीय राजमार्ग 707 (हाटकोटी से पांवटा साहिब) सिरमौर जिले में शिलिया के पास बंद है, मंडी-कुल्लू राष्ट्रीय राजमार्ग 4-मील और 9-मील के पास अवरुद्ध है, जिससे वाहनों का आवागमन बाधित हो रहा है और पठानकोट-बिलासपुर राष्ट्रीय राजमार्ग भी अवरुद्ध है।

मंडी में थलोट के पास भूस्खलन में एक वाहन दब गया, जबकि चंबा जिले में नकरोड़-थल्ली पुल बह गया। शिमला में जुब्बड़हट्टी मार्ग बंद होने वाले कार्यालय जाने वाले लोग घंटों फंसे रहे। रविवार रात से राज्य के कई हिस्सों में भारी बारिश हो रही है। कांगड़ा में सबसे अधिक 147.4 मिमी बारिश हुई, उसके बाद नगरोटा सूरियां (127.4 मिमी), चुवाड़ी (118.3 मिमी), मंडी (112.4 मिमी), जोगिंदरनगर (100 मिमी), नाहन (95.7 मिमी) और पंडोह (86 मिमी) आदि में बारिश हुई।

मानसून की 20 जून को शुरुआत के बाद से राज्य भर में बारिश से संबंधित घटनाओं में 72 लोगों की मौत हो गई है और 34 लापता हैं। विभाग ने बताया कि हिमाचल प्रदेश में इस मानसून में 34 बार अचानक बाढ़, 22 बार बादल फटने और 21 बार भूस्खलन की घटनाएं हुई हैं, जिससे लगभग 1,235 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है।