New Delhi: हाल में विमान परिचालन में भारी परेशानियां हुई थीं। इन्हें लेकर यात्रियों ने कई शिकायतें दर्ज कराईं। अब नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने जल्द शिकायतें दूर करने के लिए एकीकृत यात्री सहायता नियंत्रण कक्ष स्थापित किया है। ये कक्ष चौबीसों घंटे काम करता है। नियंत्रण कक्ष मंत्रालय, डीजीसीए, एयरलाइन ऑपरेटरों और भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण के अधिकारियों को एक मंच पर लाता है।
कुछ दिन पहले इंडिगो के यात्रियों ने देश भर के हवाई अड्डों पर देरी, उड़ानें रद्द होने, सामान और धनवापसी से जुड़ी परेशानियों की काफी शिकायत की थी। इसे देखते हुए ये कदम उठाया गया है। उड़ान भवन में 29 सदस्यों की टीम चौबीसों घंटे शिकायतों पर नजर रखती है और एयरलाइनों और हवाई अड्डा अधिकारियों के साथ तत्काल कार्रवाई के लिए समन्वय करती है।
नियंत्रण कक्ष में, एयर सेवा पोर्टल, ईमेल, कॉल और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिेये मिली यात्रियों की शिकायतों को एकीकृत प्रणाली में दर्ज किया जाता है। हर शिकायत पर देरी, रद्द होने, सामान या धनवापसी से जुड़े विवरण के साथ टिकट बनाया जाता है और प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई की जाती है।
शिकायत दर्ज होने के बाद, एयरलाइंस और हवाई अड्डे की टीमों को वास्तविक समय में सूचित किया जाता है। जहां तक संभव हो, उसी दिन शिकायत दूर करने की कोशिश की जाती है। अधिकारियों ने बताया कि अब तक 13 हजार से ज्यादा यात्रियों की शिकायतें दूर की जा चुकी हैं। नियंत्रण कक्ष एकीकृत, यात्री-केंद्रित प्रशासन की ओर स्पष्ट बदलाव का संकेत दे रहा है।