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राज्यपाल ने तीन साल बाद बिना किसी बाधा के अभिभाषण पूरा पढ़े जाने पर संतोष जताया

चेन्नई, 18 जून (भाषा) तमिलनाडु के राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने बृहस्पतिवार को इस बात पर गहरा संतोष व्यक्त किया कि विधानसभा में लगभग तीन वर्ष के बाद पहली बार राज्यपाल का अभिभाषण बिना किसी बाधा के पूरा पढ़ा गया।

उन्होंने यह भी कहा कि तमिलनाडु की 17वीं विधानसभा के पहले सत्र की शुरुआत और उनके अभिभाषण के अंत में राष्ट्रगान गाया गया।

यह सत्र मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के नेतृत्व वाली नवगठित तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) सरकार का पहला सत्र भी है।

राज्यपाल आर्लेकर ने ‘एक्स’ पर कहा, “मुझे लोगों को यह बताते हुए प्रसन्नता हो रही है कि आज तमिलनाडु विधानसभा के लिए एक नए युग की शुरुआत का दिन है।”

उन्होंने कहा, “लगभग तीन वर्ष के बाद यह बहुत संतोष की बात है कि राज्यपाल का अभिभाषण सदन में बिना किसी बाधा के पूरा पढ़ा गया। इसके अलावा, पहली बार सत्र की शुरुआत और राज्यपाल के अभिभाषण के अंत में राष्ट्रीय गान का गायन किया गया।”

राज्यपाल ने अपनी पोस्ट में पूर्व राज्यपाल आर. एन. रवि और तत्कालीन द्रमुक सरकार के बीच कथित टकराव का उल्लेख किया, जब 2024 में रवि ने राज्य सरकार द्वारा तैयार पूरा अभिभाषण पढ़ने से इनकार कर दिया था और कुछ हिस्सों को छोड़ दिया था।

साल 2025 में भी राज्यपाल ने पूरा भाषण पढ़ने से इनकार किया था और 2026 में कुछ ही मिनट में सदन से बहिर्गमन कर गए थे।

तत्कालीन मुख्यमंत्री एम. के. स्टालिन ने उस समय राज्यपाल की आलोचना की थी और उन्हें हटाने की मांग की थी।

भाषा जोहेब नरेश

नरेश