नयी दिल्ली, दो जून (भाषा) राष्ट्रीय सहकारी डेयरी महासंघ (एनसीडीएफआई) और असम राइफल्स ने पूर्वोत्तर क्षेत्र में सैन्य इकाइयों को दूध और डेयरी उत्पादों की आपूर्ति बढ़ाने के लिए मंगलवार को एक समझौते पर हस्ताक्षर किए। इससे इसमें भाग लेने वाली सहकारी समितियों के लिए सालाना लगभग 44 करोड़ रुपये की कमाई सृजित होने की उम्मीद है।
नयी दिल्ली में हस्ताक्षरित ज्ञापन मौजूदा व्यवस्था का विस्तार करता है जिसके तहत अमूल, नंदिनी और वाराना समेत सहकारी समितियां असम राइफल्स इकाइयों को यूएचटी दूध से लेकर पूरे दूध पाउडर तक उत्पादों की आपूर्ति कर रही हैं।
एनसीडीएफआई ने बयान में कहा कि विस्तारित समझौते के तहत, ताजा दूध और मक्खन अब सात पूर्वोत्तर राज्यों में 72 सैन्य प्रतिष्ठानों तक पहुंचेगा, जबकि अमूल इसके अलावा पनीर और माल्ट-आधारित भोजन की आपूर्ति करेगी।
एनसीडीएफआई के चेयरमैन मीनेश शाह ने कहा कि महासंघ ने चार दशकों तक भारतीय सेना और भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) को डेयरी उत्पादों की आपूर्ति की है और नई साझेदारी ने उस रिश्ते को और गहरा कर दिया है।
उन्होंने बयान में कहा, ‘‘इस तरह की पहल रक्षा और अर्धसैनिक बलों की आवश्यकताओं को कुशलतापूर्वक पूरा करने के लिए डेयरी सहकारी समितियों की क्षमता को दर्शाती है।’’
भाषा राजेश राजेश अजय
अजय