उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को खटीमा के नगला तराई स्थित अपने निजी आवास और लोहियाहेड हेलीपैड पर आम लोगों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने लोगों की समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों को उनके जल्द, पारदर्शी और प्रभावी समाधान के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आम जनता की शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने अधिकारियों को संवेदनशीलता और तत्परता के साथ काम करने के निर्देश देते हुए कहा कि लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए सरकारी कार्यालयों के बार-बार चक्कर न लगाने पड़ें।
‘सरलीकरण, समाधान और संतुष्टि’ पर जोर
सीएम धामी ने राज्य सरकार के मंत्र ‘सरलीकरण, समाधान और संतुष्टि’ का उल्लेख करते हुए प्रशासनिक जवाबदेही सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि लोगों की समस्याओं का ऐसा समाधान किया जाना चाहिए, जिससे वे संतुष्ट हों और उन्हें अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने जनप्रतिनिधियों के साथ क्षेत्र में चल रही विकास परियोजनाओं और स्थानीय जरूरतों पर भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जनता की अपेक्षाओं के अनुरूप विकास कार्य करने और नागरिक सुविधाओं को मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।
नशामुक्त उत्तराखंड बनाने के लिए युवाओं को जोड़ने की अपील
इससे पहले शुक्रवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नशे के खिलाफ सामूहिक प्रयास करने की अपील की थी। देहरादून में ओएनजीसी के डॉ. बीआर आंबेडकर मैदान में आयोजित ‘नशामुक्त उत्तराखंड’ वॉकथॉन को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि इस अभियान से हर युवा, विद्यार्थी और बच्चे को जोड़ना जरूरी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वॉकथॉन का उद्देश्य नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता फैलाना और नशामुक्ति का संदेश हर घर तक पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि सभी को मिलकर स्वस्थ और नशामुक्त उत्तराखंड बनाने का संकल्प मजबूत करना होगा।
सीएम धामी ने ‘नशे को ना, जिंदगी को हां’ का संदेश देते हुए कहा कि नशे के खिलाफ यह पहल केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि जनजागरूकता अभियान और सामाजिक आंदोलन है।
उन्होंने इस अभियान को जन आंदोलन बनाने के प्रयासों की सराहना की और कहा कि युवाओं पर नशे के बढ़ते प्रभाव को रोकने के लिए समाज के सभी वर्गों की भागीदारी जरूरी है। मुख्यमंत्री ने लोगों से इस मुहिम को हर घर तक पहुंचाने की अपील की।