तेलंगाना में ध्वस्त एसएलबीसी सुरंग में फंसे सात लोगों की तलाश मंगलवार को लगातार 25वें दिन भी जारी है। इस अभियान में विभिन्न संगठन के कर्मी सुरंग के अंदर गए और लापता लोगों के ठिकानों पर खुदाई की। अधिकारी बचाव कर्मियों की संख्या बढ़ाकर संभावित मानव उपस्थिति के लिए चिह्नित ‘डी1’ और ‘डी2’ बिंदुओं पर खोज अभियान में तेजी लाने की कोशिश कर रहे थे।
रविवार को जारी आधिकारिक विज्ञप्ति में बताया गया कि दक्षिण मध्य रेलवे, राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ), एसडीआरएफ, सरकारी खनन कंपनी सिंगरेनी कोलियरीज, खनिक और अन्य कर्मी आवश्यक उपकरणों की मदद से तलाश अभियान में योगदान दे रहे हैं। बताया गया कि तलाश अभियान में उन्नत प्रौद्योगिकियों का इस्तेमाल किया जा रहा है और विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञों से भी मदद ली जा रही है।
एसएलबीसी परियोजना की सुरंग का एक हिस्सा 22 फरवरी को ढह जाने के बाद इंजीनियर और मजदूरों समेत आठ लोग इसमें फंस गए थे। ‘टनल बोरिंग मशीन’ (टीबीएम) ऑपरेटर के रूप में काम करने वाले गुरप्रीत सिंह का शव नौ मार्च को बरामद किया गया था। उनका शव पंजाब में रहने वाले उनके परिवार के सदस्यों को सौंप दिया गया है। दिल्ली की 70 सदस्यीय विधानसभा में भारतीय जनता पार्टी के 48 और आम आदमी पार्टी के 22 विधायक हैं।
तेलंगाना सुरंग हादसा: 25वें दिन भी जारी है सात श्रमिकों की तलाश
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