भारतीय चिकित्सा संघ (आईएमए) ने महिला डॉक्टरों की सुरक्षा को देखते हुए नई पहल की है। आईएमए ने उन्हें सेल्फ डिफेंस की बुनियादी ट्रेनिंग देना शुरू किया है। अगस्त्यम कलारी के जाने-माने कलारी विशेषज्ञ डॉ. महेश गुरुक्कल और उनकी टीम ने मंगलवार को तिरुवनंतपुरम में महिला डॉक्टरों के लिए ट्रेनिंग सेशन आयोजित किया।
उनकी टीम ने इस सेशन में हिस्सा लेने वाली महिला डॉक्टरों को कलारीपयट्टू की अलग-अलग तकनीक सिखाई। इसका मकसद न केवल शारीरिक, बल्कि मानसिक तौर पर भी महिलाओं को मजबूत बनाना था। हाल ही में 23 साल की महिला डॉक्टर वंदना दास की घटना के बाद सेल्फ डिफेंस ट्रेनिंग की सख्त जरूरत महसूस की गई। डॉक्टर वंदना की मेडिकल टेस्ट के लिए जाते वक्त चाकू मारकर हत्या कर दी गई थी। विशेषज्ञों को लगता है कि अगर उन्हें आत्मरक्षा की तकनीक पता होती, तो वो खुद को बचा सकती थीं।
केरल: आईएमए ने महिला डॉक्टरों के लिए सेल्फ डिफेंस की ट्रेनिंग शुरू की
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