अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का कहना है कि उन्होंने गाजा शांति समझौते पर सहमति बना ली है। उन्होंने इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के साथ 20 सूत्रीय योजना की घोषणा की।
इस योजना के मुताबिक अगर दोनों पक्ष इस पर हस्ताक्षर करते हैं तो युद्धविराम तुरंत लागू हो जाएगा। हमास को सभी बंधकों को रिहा करना होगा और मृतक बंधकों के शव लौटाने होंगे। बदले में, इजराइल 1,900 से ज्यादा फिलिस्तीनी बंधकों को रिहा करेगा और मृतक बंधकों के शव लौटाएगा।
इसके तहत गाजा का संचालन एक अस्थायी, गैर-राजनीतिक समिति करेगी। इसमें फिलिस्तीनी और वैश्विक विशेषज्ञ भी शामिल होंगे। इसकी देखरेख ट्रंप की अध्यक्षता वाला 'बोर्ड ऑफ पीस' करेगा और पूर्व ब्रिटिश प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर भी इसका हिस्सा होंगे।गाजा के भविष्य में हमास की कोई भूमिका नहीं होगी।
इजराइल ने वादा किया है कि कोई विलय नहीं होगा, और हमास के हथियार डालने के बाद उसके सैनिक धीरे-धीरे वापस लौट जाएंगे। हालांकि इजराइल गाजा के अंदर सुरक्षा बफर बनाए रखेगा।
नेतन्याहू ने ट्रंप की योजना को स्वीकार कर लिया है। वेस्ट बैंक में फिलिस्तीनी प्राधिकरण ने ट्रंप के प्रयासों का स्वागत किया है। हालांकि असल में जवाब तो हमास की ओर से ही आना है। उन्हें जानकारी दे दी गई है, लेकिन उनके जवाब का अब भी इंतज़ार है।