Breaking News

'भारत विश्व में शांति-स्थिरता का पक्षधर', ईरान-अमेरिका युद्ध पर बोले पीएम मोदी     |   'पश्चिम एशिया की स्थिति चिंताजनक', भारत-कनाडा प्रेस कॉन्फ्रेंस में बोले PM मोदी     |   'भारत-कनाडा के बीच रक्षा-सुरक्षा क्षेत्र में सहयोग बढ़ा', बोले प्रधानमंत्री मोदी     |   'इंडिया कनाडा डायलॉग शुरू करेंगे', संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में पीएम मोदी ने कहा     |   'भारत को यूरेनियम देगा कनाडा', संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में पीएम मोदी ने कहा     |  

ट्रंप ने मिस्र के राष्ट्रपति को लिखी चिट्ठी, कहा- एक और विवाद निपटाने के लिए तैयार हूं

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सिसी को चिट्ठी लिखी है। पत्र में लिखा गया है कि ट्रंप मिस्र और इथियोपिया के बीच मध्यस्थता की कोशिशें फिर से शुरू करने के लिए तैयार हैं। ये विवाद नील नदी पर बने एक विशाल बांध को लेकर है।

इसे ग्रैंड इथियोपियन रेनेसां डैम, या जीईआरडी कहा जाता है। ये अफ्रीका का सबसे बड़ा जलविद्युत बांध है। ये बांध ब्लू नील नदी पर, सूडान -इथियोपिया सीमा के पास है। इसे पांच हजार मेगावाट से ज्यादा बिजली पैदा करने के लिए डिजाइन किया गया है। इससे इथियोपिया की बिजली उत्पादन क्षमता दोगुनी होने के आसार हैं।

लिहाजा जीईआरडी इथियोपिया के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। लेकिन निचली धारा में स्थित मिस्र इस परियोजना का कड़ा विरोध करता है। मिस्र इसे अपने अस्तित्व पर खतरा बताता है। मिस्र का कहना है कि बांध से नील नदी का जल प्रवाह कम हो सकता है। देश की खेती और 10 करोड़ से ज्यादा आबादी पूरी तरह इसी नदी पर निर्भर है।

ट्रंप के पहले कार्यकाल में अमेरिकी मध्यस्थता की कोशिशें शुरू हुई थीं, लेकिन 2020 में बातचीत का कोई नतीजा नहीं निकला।