तमिलनाडु के पूर्व उपमुख्यमंत्री उदयनिधि स्टालिन ने सोमवार को नवगठित तमिलनाडु विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष के रूप में शपथ ली। राज्य में सी. जोसेफ विजय के नेतृत्व वाली तमिलगा वेत्री कड़गम (TVK) सरकार के गठन के बाद विधानसभा के सदस्यों को शपथ दिलाई गई। कार्यवाही शुरू होने से पहले उदयनिधि स्टालिन विधानसभा पहुंचे और नेता प्रतिपक्ष के लिए निर्धारित सीट पर बैठे। मुख्यमंत्री विजय ने सदन में प्रवेश कर शपथ ग्रहण से पहले उदयनिधि का अभिवादन किया।
17वीं विधानसभा के पहले सत्र की शुरुआत
तमिलनाडु विधानसभा के 17वें सत्र की शुरुआत कार्यवाहक अध्यक्ष एम.वी. करुप्पैया ने सभी सदस्यों का स्वागत कर की। करुप्पैया ने तमिल में संबोधन देते हुए मुख्यमंत्री विजय का धन्यवाद किया कि उन्होंने उन्हें चुनाव लड़ने का अवसर दिया। साथ ही उन्होंने अपने निर्वाचन क्षेत्र के मतदाताओं का आभार व्यक्त किया और उन्हें कार्यवाहक अध्यक्ष नियुक्त करने के लिए भी मुख्यमंत्री का धन्यवाद किया। उन्होंने पेरियार, के. कामराज, डॉ. बी.आर. आंबेडकर, रानी वेलु नचियार और अंजलई अम्माल जैसे नेताओं का उल्लेख करते हुए उन्हें नई सरकार के वैचारिक प्रेरणास्रोत बताया।
मुख्यमंत्री विजय ने सबसे पहले ली शपथ
विधानसभा की परंपरा के अनुसार मुख्यमंत्री विजय ने पेरंबूर विधानसभा क्षेत्र से विधायक के रूप में सबसे पहले शपथ ली। इसके बाद मंत्रियों और अन्य विधायकों ने शपथ ग्रहण किया। मंत्रियों में एन. आनंद, आधव अर्जुन, के.जी. अरुणराज, के.ए. सेंगोट्टैयन, राज मोहन, सी.टी. निर्मल कुमार और वेंकट रमण शामिल रहे। पूर्व मंत्री पी.के. सेकर बाबू तथा वरिष्ठ नेता एडप्पडी के. पलानीस्वामी और ओ. पन्नीरसेल्वम ने भी विधायक पद की शपथ ली।
TVK बनी सबसे बड़ी पार्टी
हाल ही में संपन्न विधानसभा चुनाव में तमिलगा वेत्री कड़गम (TVK) 108 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी। इसके बाद कांग्रेस, वीसीके, वाम दलों और आईयूएमएल के समर्थन से सरकार बनाई गई। मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के बाद विजय ने पारदर्शी सरकार देने का वादा किया था। उन्होंने कहा था कि उनकी सरकार शिक्षा, बुनियादी ढांचे, पेयजल और महिलाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देगी। साथ ही 200 यूनिट मुफ्त बिजली और नशीले पदार्थों के खिलाफ विशेष कार्यबल गठित करने से संबंधित फाइलों को मंजूरी दी गई है।