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ओमान ने बचाए 21 भारतीय नाविक, शशि थरूर ने जताया आभार

कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने ओमान की सरकार और वहां के लोगों का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने खाड़ी-ए-ओमान में हमले का शिकार हुए जहाज MT Settebello से 21 भारतीय नाविकों को सुरक्षित बचाने के लिए ओमान की त्वरित और साहसिक कार्रवाई की सराहना की। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर थरूर ने लिखा कि ओमान की ओर से समय पर की गई मदद भारत और ओमान के बीच मजबूत मित्रता का प्रतीक है। उन्होंने इस घटना में जान गंवाने वाले तीन भारतीय नागरिकों के प्रति भी गहरा दुख व्यक्त किया।

दरअसल, खाड़ी-ए-ओमान में अमेरिकी सैन्य कार्रवाई के दौरान व्यावसायिक टैंकर MT Settebello पर हमला हुआ था। जहाज पर कुल 24 भारतीय चालक दल के सदस्य सवार थे। इनमें से 21 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया, जबकि तीन भारतीय नाविकों की मौत हो गई। थरूर ने कहा कि तीन भारतीयों की मौत से देश दुखी है, लेकिन भारतीय नागरिक संकट की घड़ी में ओमान द्वारा दी गई मदद की सराहना करते हैं। वहीं, इस मामले में भारत स्थित ईरानी दूतावास ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उन आरोपों को खारिज कर दिया है, जिनमें उन्होंने होर्मुज जलडमरूमध्य में भारतीय जहाजों पर हुए हमलों के लिए ईरान को जिम्मेदार ठहराया था। ईरान ने इन आरोपों को "बेबुनियाद" बताया है।

ईरानी दूतावास ने दावा किया कि एक सप्ताह से भी कम समय में अमेरिकी बलों ने तीन भारतीय जहाजों पर हमला किया, जिसमें तीन भारतीय नाविकों की जान गई। ईरान ने इन हमलों को "क्रूर" बताते हुए अमेरिका पर अंतरराष्ट्रीय कानूनों के उल्लंघन का आरोप लगाया। ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बकाई ने भी भारतीय नाविकों की मौत पर शोक जताया और कहा कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय को अमेरिका की कथित कार्रवाई के लिए जवाबदेह ठहराना चाहिए। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाएं वैश्विक शांति, समुद्री सुरक्षा और नौवहन की स्वतंत्रता के लिए खतरा हैं। यह मामला अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बना हुआ है और इससे जुड़े घटनाक्रम पर कई देशों की नजर बनी हुई है।