गुजरात विधानसभा में आज राज्य का वर्ष 2026-27 का वार्षिक बजट पेश होने जा रहा है। वित्त मंत्री कनुभाई देसाई लगातार पांचवीं बार बजट पेश कर एक नया कीर्तिमान स्थापित करेंगे। इस बार गुजरात के इतिहास का सबसे बड़ा, लगभग 4 लाख करोड़ रुपये का बजट पेश होने की प्रबल संभावना है।पिछले वर्ष बजट का पूंजीगत व्यय 3.70 लाख करोड़ रुपये था, जिसमें इस वर्ष 12 से 15 प्रतिशत की वृद्धि देखी जा सकती है। अगर यह आंकड़ा 4 लाख करोड़ को पार करता है, तो इसे गुजरात के विकास की नई ऊंचाई माना जाएगा।
गुजरात में वर्ष 2030 में आयोजित होने वाले राष्ट्रमंडल खेलों की तैयारी के लिए स्पोर्ट्स इंफ्रास्ट्रक्चर, नए स्टेडियम और वैश्विक सुविधाओं के निर्माण हेतु बजट में भारी भरकम राशि आवंटित की जा सकती है। बजट में बुनियादी ढांचे, स्वास्थ्य, शिक्षा और कृषि क्षेत्र के लिए विशेष प्रावधान किए जाने की उम्मीद है। आगामी स्थानीय निकाय चुनावों को ध्यान में रखते हुए युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर और स्टार्टअप्स के लिए प्रोत्साहन योजनाओं की घोषणा हो सकती है।
कनुभाई देसाई ने वर्ष 2022 में अपना पहला बजट पेश किया था, जो 2.43 लाख करोड़ रुपये का था। मात्र 4 वर्षों के भीतर बजट के आकार में हुई यह वृद्धि राज्य की मजबूत आर्थिक स्थिति और सरकार के 'विकसित गुजरात' के रोडमैप को स्पष्ट करती है। मध्यम वर्ग को महंगाई से राहत और किसानों को सिंचाई व सब्सिडी का लाभ मिलने की उम्मीदें जताई जा रही हैं।