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बिजली की खपत जनवरी में 3.8 प्रतिशत बढ़कर 142.74 अरब यूनिट तक पहुंची

जनवरी महीने में देश के कई हिस्सों में कड़ाके की ठंड पड़ने से बिजली खपत 3.8 प्रतिशत बढ़कर 142.74 अरब यूनिट हो गई जबकि पिछले साल इसी महीने यह 132.5 अरब यूनिट थी। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, जनवरी में बिजली की अधिकतम आपूर्ति भी बढ़कर 245.42 गीगावाट हो गई, जो जनवरी, 2025 में रिकॉर्ड 237.31 गीगावाट थी। देश में बिजली की अधिकतम मांग मई, 2024 में 250 गीगावाट दर्ज की गई थी, जबकि इससे पहले का उच्चतम स्तर 243.27 गीगावाट सितंबर, 2023 में रहा था।

जनवरी महीने में देश के उत्तरी हिस्सों में ठंड और बारिश के कारण गर्मी प्रदान करने वाले उपकरणों का इस्तेमाल बढ़ने से बिजली खपत बढ़ी। कुछ क्षेत्रों में बर्फबारी ने भी बिजली की मांग को बढ़ाया। बिजली की खपत में आया यह उछाल देश के विभिन्न हिस्सों में अत्यधिक ठंड के प्रभाव को दर्शाता है। भारतीय मौसम-विज्ञान विभाग ने शनिवार को कहा था कि फरवरी में देश में अपेक्षाकृत गर्म मौसम रहने और हिमालयी क्षेत्रों में सामान्य से कम बारिश होने का अनुमान है। ऐसे में फरवरी में बिजली की खपत में कमी आ सकती है।