वंदे मातरम को लेकर चल रहे विवाद के बीच दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोमवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान का समर्थन किया। उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी इतनी आत्मकेंद्रित हो गई है कि उसके नेताओं को राष्ट्रीय गीत का अपमान करने में भी कोई शर्म नहीं आती। मुख्यमंत्री ने कहा कि वंदे मातरम के पूरे गायन को बीच में रोकना देश का अपमान है।
रेखा गुप्ता ने कहा कि कांग्रेस कभी यह दावा करती थी कि देश को आजादी दिलाने में उसकी सबसे बड़ी भूमिका थी, लेकिन आज पार्टी आजादी और देश के सम्मान का सही अर्थ भूल गई है। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम का अपमान सिर्फ एक गीत का अपमान नहीं है, बल्कि यह पूरे देश और तिरंगे का अपमान है। मुख्यमंत्री ने कांग्रेस से इस मामले में पूरे देश और भारत माता से बिना किसी शर्त के माफी मांगने की मांग की।
रेखा गुप्ता का यह बयान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के रविवार को दिए बयान के बाद आया है। अमित शाह ने वंदे मातरम विवाद को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा था। उन्होंने आरोप लगाया था कि कांग्रेस मुख्यालय में राष्ट्रीय गीत के गायन के दौरान पार्टी की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी ने इसे बीच में रोकने के लिए कांग्रेस अध्यक्ष से कहा था। अमित शाह ने कहा था कि देश की 140 करोड़ जनता इस घटना को देख रही थी और इस तरह राष्ट्रीय गीत को अधूरा छोड़ने की बात सोचना भी गलत है।
यह विवाद स्वतंत्रता दिवस के मौके पर कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित कार्यक्रम के कुछ वीडियो सामने आने के बाद शुरू हुआ। वीडियो में वंदे मातरम के गायन के दौरान कांग्रेस के कुछ वरिष्ठ नेता आपस में बातचीत करते हुए दिखाई दिए। इसके बाद BJP नेताओं ने कांग्रेस नेताओं के व्यवहार पर सवाल उठाए और इसे राष्ट्रीय गीत के प्रति असम्मान बताया।
BJP नेता अमित मालवीय ने भी आरोप लगाया कि सोनिया गांधी ने वंदे मातरम के शुरुआती हिस्से के बाद इसके पूरे गायन पर आपत्ति जताई थी। उन्होंने दावा किया कि सोनिया गांधी के साथ राहुल गांधी भी गीत को रोकने का संकेत देते हुए दिखाई दिए। हालांकि, मालवीय के अनुसार इसके बावजूद वंदे मातरम का गायन जारी रहा और इसे पूरा गाया गया।
वहीं, कांग्रेस ने BJP के आरोपों को खारिज किया है। कांग्रेस का कहना है कि सोनिया गांधी की प्रतिक्रिया का वंदे मातरम को रोकने से कोई संबंध नहीं था। पार्टी के मुताबिक, वह कार्यक्रम में वंदे मातरम के सही तरीके और व्यवस्था के साथ गाए जाने को लेकर निर्देश दे रही थीं। कांग्रेस ने साफ किया कि राष्ट्रीय गीत के अपमान की बात पूरी तरह गलत है।